बलिया। जिले के नामी गिरामी आर्थो सर्जन से छह फरवरी की रात तीन करोड़ की रंगदारी मांगने के मामले में पुलिस उस आरोपी तक नहीं पहुंच सकी है जिसने काउंटर पर रंगदारी की पर्ची रखी थी। हालांकि पुलिस ने सात फरवरी को ही छह लोगों को पूछताछ के लिए उठाया था। इसमें मोबाइल देने वाले, मोबाइल से फोन करने वाले, सिम देने वाले सहित अन्य लोग शामिल हैं। लेकिन अस्पताल के पर्ची काउंटर पर लिफाफा रखने वाला मुख्य आरोपी अब भी पुलिस की गिरफ्त से दूर है। उसकी तलाश पुलिस रात-दिन कर रही है।
जिला महिला चिकित्सालय के सामने स्थित एक प्राइवेट नर्सिंग के आर्थो सर्जन से बुधवार देर शाम अज्ञात बदमाश द्वारा लेटर भेजकर तीन करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी गई थी। बदमाशों ने इसकी मीयाद 12 फरवरी रखी थी। अन्यथा की स्थिति में जान से मारने की धमकी दी गई थी। इस मामले में सर्जन के छोटे भाई व नर्सिंग होम संचालक विनोद सिंह ने पुलिस को अज्ञात के विरुद्ध शिकायती पत्र दिया था। इसके बाद पुलिस छानबीन में जुट गई थी। इस मामले में पुलिस ने सर्विलांस के माध्यम से छानबीन कर जनपद के विभिन्न स्थानों से करीब छह लोगों को पूछताछ के लिए उठाया था। इसमें मोबाइल देने वाले, मोबाइल से फोन करने वाला, सीम देने वाला सहित अन्य लोग शामिल हैं। लेकिन अस्पताल के पर्ची काउंटर पर लिफाफा रखने वाला मुख्य आरोपी अब भी पुलिस की गिरफ्त से दूर है। सूत्रों की माने तो लोकल स्तर के ही आरोपी है। जिन्होंने रंगदारी मांगने का काम किया है। इस बाबत सीओ सिटी एके सिंह ने बताया कि मामले में पुलिस काफी नजदीक पहुंच चुकी है। सब कुछ ठीक-ठाक रहा तो जल्द ही मामले का खुलासा हो जाएगा।