बलिया। पॉक्सो एक्ट के मामले में अदालत ने दोषी को 25 वर्ष का कारावास और 30 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
पकड़ी थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी वादी ने अगस्त 2023 में दी तहरीर में आरोप लगाया कि 13 वर्षीय बेटी कक्षा आठ की छात्रा है। 15 जुलाई की सुबह छह बजे वह घर से शौच के लिए निकली थी। इसके बाद वह वापस घर नहीं लौटी। परिजनों ने पहले रिश्तेदारी और आसपास के इलाकों में उसकी तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। जानकारी जुटाने पर पता चला कि बेटी को राजू गौड़ शादी करने का झांसा देकर भगा ले गया है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की। किशोरी की बरामदगी के बाद मेडिकल मुआयना के बाद आरोपी पर धारा की बढ़ोतरी की गई। विवेचना पूरी होने के बाद पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया।
मामले की सुनवाई (बाल न्यायालय) विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट कोर्ट संख्या-08 प्रथमकांत की अदालत ने अभियोजन की ओर से प्रस्तुत साक्ष्यों और प्रभावी पैरवी के आधार पर अदालत ने आरोपी राजू गोंड निवासी महदहा थाना सलेमपुर, देवरिया को दोषी पाया। 25 वर्ष के सश्रम कारावास और 30 हजार रुपये की अर्थदंड की सजा सुनाई। यह सजा पुलिस के मॉनिटरिंग सेल और अभियोजन विभाग की गई प्रभावी पैरवी के बाद हुई है।