बलिया। पिछले दो दिन से आसमान में उमड़-घुमड़ रहे मेघ शनिवार को जमकर बरसें। झमाझम हुई बारिश ने नगर पालिका प्रशासन के नालों के सफाई के दावे की पोल खोल दी। दिन में करीब 12 बजे से शुरू हुई बारिश रुक-रुक कर दिन में चार बजे तक होती रही, जिससे एक और जहां आम जनजीवन हलकान रहा तो वहीं दूसरी ओर नगर में प्रवाहित होने वाले नाले पानी से लबालब हो गए। इससे नालों का गंदा पानी सड़कों पर पसर गया। इस कारण लोगों को आवागमन में भारी दुश्वारियां का सामना करना पड़ा। बारिश के कारण नगर के विभिन्न मार्ग जलमग्न हो गए। इतना ही नहीं अैगोर नगर, जापलिनगंज, काजीपुरा समेत आधा दर्जन मोहल्लों में बारिश का पानी लोगों के घरों में जा घुसा। इसके अलावा एनएच-31 पर माल गोदाम से सतीश चंद्र कालेज चौराहा, एलआईसी रोड से नया चौक, काजीपुरा होते हुए कलेक्ट्रेट जाने वाली सड़क, मिड्ढी से एनसीसी तिराहा जाने वाली सड़कें बारिश के पानी से लबालब रही। इसके अलावा बारिश के कारण शहर के काजीपुरा, जापलिनगंज, मिश्र नेवरी, भृगु आश्रम, राजेंद्र नगर, बेदुआं, लोहा पट्टी, गुजरी बाजार, श्रीरामबिहार कालोनी, आनंद नगर, जिला अस्पताल परिसर, जिला महिला अस्पताल परिसर, कलेक्ट्रेट परिसर और पुलिस अधीक्षक के कार्यालय समेत कोतवाली निधि बारिश का पानी भर गया, जिससे लोगों समेत प्रशासनिक अधिकारियों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। जलजमाव की खबर से मिलते ही नगर पालिका प्रशासन हरकत में आ गया और अधिशासी अधिकारी दिनेश कुमार
विश्वकर्मा के निर्देश पर नगर पालिका की सफाई कर्मचारी बरसाती पानी की निकासी के काम में जुट गए। सफाई कर्मियों ने काफी मशक्कत के बाद देर शाम तक शहर के विभिन्न इलाकों से बरसात का पानी बाहर निकाला। जबकि अभी कई मोहल्लों में बारिश का पानी भरा हुआ है, जिसे लोगों को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।