बैरिया। तहसील में बुधवार की शाम कस्बे के एक समुदाय की एक विवाहिता को भगा ले जाने के मामले में जमानत के दौरान दो पक्षों में मारपीट हो गई। जिससे वहां भगदड़ की स्थिति उत्पन्न हो गई। अधिवक्ता हो या वादकारी सबने भागकर जान बचाई। मौके पर पहुंची पुलिस ने लाठियां भांजकर दोनों पक्ष के लोगों को भगाया। इस मामले में एसडीएम ने चालान किए गए दो लोगों को जेल भेज दिया। जबकि पुलिस ने मारपीट करने वाले चार लोगों को हिरासत में ले लिया। कस्बे में एक समुदाय की एक विवाहिता को उसी समुदाय का एक युवक भगा ले गया था। कुछ दिन बाद उक्त विवाहिता को लेकर वापस लौटा तो विवाहिता के पिता ने अपनी बेटी को वापस दिलाने की गुहार पुलिस से लगाई। पुलिस ने आरोपी के साथ युवती के पिता को भी शांति भंग की धारा में चालान कर दिया। दोनों पक्ष के लोग जमानत कराने के लिये तहसील आए थे। जिसकी सूचना पर आरोपी व विवाहिता के पिता के पक्ष के दर्जनों लोग तहसील पहुंचे गए और देखते ही देखते उनके बीच जमकर मारपीट होने लगी। इस दौरान पक्षों में जमकर लाठी डंडे चले। सूचना पर बैरिया एसएचओ संजय त्रिपाठी मय फोर्स के साथ पहुंचे तथा लाठियां भांज कर लोगों को हटाया। विवाहिता के पिता व विवाहिता को भगाने वाले युवक को एसडीएम ने 14 दिनों के लिये जेल भेज दिया जबकि चार अन्य लोगों को पूछताछ के लिये पुलिस ने हिरासत में ले लिया। मारपीट में तीन महिलाएं समेत दोनों पक्षो के छह लोग घायल हो गये। उधर, अधिवक्ताओं ने तहसील परिसर में मारपीट व भगदड़ की स्थिति पर आक्रोश व्यक्त करते हुए पुलिस अधीक्षक से तहसील परिसर की सुरक्षा के लिए पुलिस बल तैनात करने की मांग की।