बलिया। भाजपा की केंद्र और राज्य की सरकारें किसान विरोधी हैं। सरकार उद्योगपतियों का कर्जा माफ कर दे रही है लेकिन किसानों को उपज की उचित लागत नहीं दे रही है। इसके कारण किसान आत्महत्या करने को मजबूर हो रहे हैं। ये बातें शनिवार को कांग्रेस कार्यालय पर पूर्व सांसद बालकृष्ण चौहान ने कहीं।
उन्होंने कहा कि बच्चों की फीस नहीं जमा करने के कारण किसान आत्महत्या करने को मजबूर हो रहे हैं। कांग्रेस पार्टी का मानना है कि भाजपा सरकार किसानों के कर्ज को माफ करे, बिजली के बिल को हाफ करे, गांव गांव में गौशाला बनवाएं या ऐसा न करने पर जो भी गायों को पाले उनको रखवारी भत्ता दे। गन्ने का भुगतान तुरंत करें और गन्ने का नया दाम चार सौ प्रति कुंतल करें ,धान खरीदी हाथों-हाथ हो तथा प्रति कुंटल रुपये 25 सौ रुपये धान किसानों को मिले, सूखा ओला बारिश की मार पर तुरंत किसानों को मुआवजा सरकार के द्वारा दिया जाए, वही गेहूं की खरीदी हाथों-हाथ हो और प्रति कुंटल गेहूं का दाम किसानों को 32 सौ रुपये मिले। श्री चौहान जिले में यूपी कांग्रेस द्वारा 6 फरवरी से शुरू किए गए किसान आंदोलन के पहले चरण के कार्यक्रमों की शुरुआत करने के लिये आए थे। इससे पहले जिलाध्यक्ष ओमप्रकाश पांडेय ने पूर्व सांसद बालकृष्ण चौहान का स्वागत करने के बाद प्रेस प्रतिनिधियों को इस कार्यक्रम के सम्बंध में जानकारी दी। इस अवसर पर पूर्व जिलाध्यक्ष दिग्विजय सिंह,राघवेंद्र प्रताप सिंह, मुन्ना उपाध्याय, आनंद मिश्र, इंजी पूजा वर्मा ,मिंटू पांडेय आदि रहे ।