गत दिनों देवडीह गांव में चेक वितरण के दौरान हुए हंगामे में भाजपा कार्यकर्ताओं पर मुकदमे से नाराज पार्टी के नेता मंगलवार को तहसील मुख्यालय पर धरने पर बैठ गए।
कार्यकर्ताओं पर से मुकदमा हटाने, दलित महिला प्रधान की तहरीर पर कार्रवाई समेत छह मांगों को लेकर पार्टी की नेता केतकी सिंह के नेतृत्व में जमकर नारेबाजी की। देर शाम मौके पर पहुंचे एसडीएम और सीओ ने मांगों को पूरा करने का आश्वासन दिया। इसके बाद धरना समाप्त हुआ।
बता दें कि गत गुरुवार को देवडीह गांव में चेक वितरण के दौरान झड़प हो गई थी। मामले में किसानों का आरोप था कि उनके साथ सपा नेताओं ने गालीगलौज की थी। इस संदर्भ का गांव की दलित प्रधान अंजलि पासवान ने भी तहरीर दी थी। वहीं मामले में प्रशासन ने भाजपा कार्यकर्ताओं पर मुकदमा दर्ज कर लिया। इससे पार्टी के लोग नाराज हैं।
नाराज भाजपा नेता केतकी सिंह और वरिष्ठ कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को छह सूत्री मांगों को लेकर तहसील परिसर में धरना शुरू कर दिया। मांग किया कि दलित महिला प्रधान अंजलि पासवान की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया जाए। भाजपा कार्यकर्ताओं पर दर्ज फर्जी मुकदमा वापस लिया जाए।
आपदा राहत राशि निर्धारण में बटाईदारों का अंश निर्धारित किया जाए। गांव में वितरण हो चुके बियरर चेक की सूची उपलब्ध कराई जाए। आपदा चेक वितरण में पारदर्शिता लाई जाए। चेक वितरण कार्य जनप्रतिनिधि या फिर तहसील प्रशासन के अधिकारियों के हाथ से हो।
इसके बाद मौके पर पहुंचे एसडीएम अनुज कुमार सिंह तथा सीओ जटा शंकर राव ने आश्वासन दिया कि दो से तीन दिन के अंदर सारी मांगें मान ली जाएंगी। तब जाकर भाजपा नेताओं ने धरना समाप्त किया। धरने पर बैठने वालों में पूर्व विधायक विक्रमा सिंह, भगवान पाठक, नागेंद्र पांडेय, माधव प्रसाद, सरयू प्रसाद, आनंद स्वरूप शुक्ल, अंजनी पासवान, अरुण सिंह, शारदानंद साहनी, विनोद दूबे आदि रहे।