बलिया। बैरिया नगर पंचायत की पेयजल व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए 49 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। इसके लिए पेयजल पुनर्गठन योजना तैयार की गई है। इसका प्रस्ताव मंजूरी के लिए शासन को भेजा गया है। इसे मंजूरी मिलते ही 88 किमी पाइप लाइन बिछाने के साथ ही 8700 कनेक्शन देकर जलापूर्ति की जाएगी। 1800 केएलडी की पानी की टंकी भी बनाई जाएगी।
नगर पंचायत के कस्बेवासी बीते कई वर्षों से पेयजल की समस्या से जूझ रहे हैं। कस्बे में पेेयजल आपूर्ति के लिए वर्ष 2011 की जनगणना के हिसाब से भी कम आपूर्ति होती है। वर्ष 2011 की जनगणना के अनुसार नगर पंचायत की आबादी 28394 थी, जो 2021 में बढ़कर 35493 हो गई। अब और ज्यादा हो गई है। वर्तमान में यहां 4791 केएलडी पेयजल प्रतिदिन की आवश्यकता है और आपूर्ति 180 केएलडी की है। 2021 में लगभग 4500 कनेक्शन की आवश्यकता थी लेकिन अभी तक 1342 कनेक्शन ही दिए गए हैं। 1050 केएलडी क्षमता की पानी की टंकी है। लेकिन इससे आपूर्ति कस्बेवासियों के लिए नाकाफी साबित होती है। कस्बा आर्सेनिक प्रभावित भी है। ऐसे में जो लोग अपने स्रोत पर आश्रित है, उन्हें भी दिक्कत होती है। कस्बेवासियों की समस्या को देखते हुए पेयजल परियोजना पुनर्गठन का प्रस्ताव तैयार किया गया है। जलनिगम शहरी की ओर से लगभग 49 करोड़ रुपए का प्रस्ताव भेजा गया है।
बेल्थरारोड और बांसडीह में चल रहा है कार्य
बलिया। नगर पंचायत बेल्थरारोड और बांसडीह में पेयजल परियोजना के पुनर्गठन का कार्य जारी है। बेल्थरारोड नगर पंचायत की पेयजल व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए 26.82 करोड़ रुपए खर्च किए जाने हैं। इसमें 1200 केएलडी की पानी की टंकी, 53 किमी पाइप लाइन, 3063 कनेक्शन का कार्य होना है। 18 किमी की लाइन बिछा ली गई है। पानी की टंकी का कार्य भी चल रहा है। बांसडीह नगर पंचायत की पेयजल व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए 28.14 करोड़ रुपए खर्च किए जाने हैं। इसमें 1000 केएलडी की पानी की टंकी, 56 किमी पाइप लाइन, 6254 कनेक्शन का कार्य होना है। 8 किमी की लाइन बिछा ली गई है। पानी की टंकी का कार्य भी चल रहा है।
बलिया के लिए नहीं मिल पा रही जमीन
बलिया। नगर पालिका बलिया के पेयजल परियोजना के पुनर्गठन के लिए जल निगम नगरी को भूमि की आवश्यकता है। नगर पालिका की पेयजल परियोजना भी वर्षों पुरानी है। यहां सरफेस वाटर प्रोजेक्ट के लिए डीपीआर तैयार की जानी है। इसके लिए गंगा के किनारे भूमि की आवश्यकता है। भूमि के लिए जिला प्रशासन को कई बार पत्र लिखा जा चुका है, लेकिन प्रशासन ने अभी तक भूमि उपलब्ध नहीं कराई है। इसके कारण शहर के लिए नई परियोजना तैयार नहीं हो पा रही है।
पेयजल परियोजना पुनर्गठन के लिए 49 करोड़ रुपये का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। मंजूरी मिलते ही कार्य पूर्ण कराकर लोगों को पेयजलापूर्ति से लाभान्वित किया जाएगा। बलिया के लिए सरफेस वाटर प्रोजेक्ट के तहत डीपीआर तैयार की जानी है। इसके लिए जिला प्रशासन से भूमि मांगी गई है। - गुलाम अख्तर, एई जल निगम शहरी