तहसील के लाखों की आबादी प्रतिदिन बैरिया बाजार होते हुए सुरेमनपुर रेलवे स्टेशन पर ट्रेन पकड़ने के लिए जाती है। जिन्हें कस्बा स्थित बाजार, मिर्जापुर और रानीगंज बाजार के जाम से होकर गुजरना पड़ता है।
लेकिन इन मार्गों पर लगने वाले रोजाना के जाम में फंसने की वजह से यात्रियों की ट्रेन छूट जाती है। बार-बार प्रशासन से शिकायत के बाद भी आज तक जाम से निजात नहीं मिल सकी।
द्वाबा के लोग वर्षों से जाम के झाम से कराह रहे हैं। बैरिया बाजार से जाम की शुरूआत होती है।
यहां के जाम से निकलेंगे तो पुन: उन्हें मिर्जापुर में जाम का सामना करना पड़ता है। वहां से काफी मशक्कत के बाद यात्री जाम से निकल पाते है। फिर यात्रियों को रानीगंज बाजार के चौक से लेकर इलाहाबाद बैंक तक जाम का सामना करना पड़ता है।
तीन जगहों पर जाम का सामना करने के कारण अधिकतर लोगों की ट्रेन छूट जाती है। साथ ही लोगों की जरूरी कार्य भी जाम की वजह से बाधित हो जाते हैं। ऐसे में प्रबुद्ध लोगों की माने तो बड़े वाहनों का आवागमन सुबह सात बजे से लेकर रात आठ बजे तक बंद कर दिया जाए तो जाम से लोगों को निजात मिल सकती है।
खोमचे ठेले वाले दूकानदारों को सड़क के पटरियों से हटाकर कहीं दूसरे स्थान पर सुव्यवस्थित कर दिया जाए तो भी सड़कों पर चलना आसान हो जाएगा और जाम कम लगेगा। रानीगंज युवा व्यापार मंडल अध्यक्ष रोशन गुप्ता, व्यापारी रियाज अंसारी, शिवानंद वर्मा, शिवजी वर्मा आदि ने बताया कि जाम से छूटकारा पाने के लिए कई बार तहसील प्रशासन से गुहार लगाई गई।
लेकिन आश्वासन के अलावा कुछ नहीं मिल पाया है। इस बाबत क्षेत्राधिकारी बैरिया त्रयंबक नाथ दुबे ने बताया कि जाम से निजात पाने के लिए व्यापारियों को एकजुट होकर सामने आना होगा। इसके लिए खुद उनको पहल करनी होगी।