बलिया। तहसील बेल्थरारोड में शनिवार को जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह एवं पुलिस अधीक्षक ओमवीर सिंह की अध्यक्षता में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन हुआ। 161 में से आठ मामलों का मौके पर निपटारा हुआ।
एक शिकायतकर्ता ने बताया कि खतौनी में जीवित व्यक्ति चंद्रशेखर को मृत दर्शाकर उनके स्थान पर अरविंद का नाम दर्ज कर दिया गया है, जबकि अरविंद की मौत हो चुकी है।
इस गंभीर त्रुटि पर जिलाधिकारी ने संबंधित लेखपाल को कड़ी फटकार लगाई। तत्काल अभिलेखों में सुधार करने तथा चंद्रशेखर का नाम दर्ज करने का आदेश दिया। सरया के सच्चिदानंद ने उद्धरण खतौनी में खातेदारों के नाम गलत अंकित करने की शिकायत की। बहुता चक उपाध्याय निवासी परशुराम ने निजी भूमि पर कब्जा करने का आरोप लगाया। ससना बहादुरपुर के भृगु ने खड़ंजा उखाड़ कर मार्ग में बांस बल्ली डाल अवरोध उत्पन्न करने का आरोप लगाया।
एक अन्य मामले में उन्होंने चेतावनी दी कि आदेश की अवहेलना होने पर संबंधित के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। जिलाधिकारी ने तहसील परिसर में कराए गए सौंदर्यीकरण कार्य का निरीक्षण किया तथा उप जिलाधिकारी कक्ष का फीता काटकर उद्घाटन भी किया। उधर, बैरिया में तहसीलदार बैरिया धर्मेंद्र कुमार की अध्यक्षता में कुल 28 मामले प्रस्तुत किए गए। इसमें 24 मामले भूमि विवाद के थे।
एक भी मामले का निस्तारण मौके पर नहीं हो सका।
नहीं हटेगी गुमटी, कार्रवाई से इन्कार: बेल्थरारोड नगर क्षेत्र की वार्ड नं 3 की चंदा गली के पास वर्षों से लगी गुमटी को हटाने की मांग पर फिलहाल कोई कार्रवाई नहीं होगी।
समाधान दिवस के दौरान अधिवक्ता देवेंद्र गुप्ता द्वारा एक गुमटी हटाने संबंधी ज्ञापन सौंपे जाने पर जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह ने स्पष्ट किया कि नगर पंचायत क्षेत्र में पहले से स्थापित गुमटियों को हटाने का कोई सामान्य आदेश नहीं दिया जा सकता।
डीएम ने कहा कि यदि किसी मामले में न्यायालय का निर्देश अथवा शासन का विशेष आदेश प्राप्त होता है तो उसका पालन किया जाएगा।