बलिया। हमारी बेटी उसका कल योजना के तहत मिलने वाली धनराशि न मिलने से नाराज छात्राओं ने सोमवार को जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी नरेंद्र विश्वकर्मा का घेराव किया। साथ ही मांग पूरी न होने पर कार्यालय में तोड़फोड़ की धमकी देते हुए उन्हें जिलाधिकारी के पास लेकर गई। जहां डीएम ने उनकी बात सुनी व सत्यापन की कापी उपलब्ध कराने को कहा। इसके बाद छात्राएं शांत हुईं।
नगर के बहेरी स्थित अख्तर जहां दारूल उलूम की 11वीं की छात्रा शमा परवीन, शबाना खातून, अंबरी खातून, नजमा खातून, शबनम खातून, शहीना परवीन, रफत जहां, हिना जहां, परवीन, रिजवान खातून, साइता परवीन ने वर्ष 2013-14 में हमारी बेटी उसका कल के तहत मिलने वाली धनराशि के लिए आवदेन किया था। बताया कि करीब एक माह पहले विद्यालय प्रशासन ने बताया कि तहसील प्रशासन ने आय प्रमाण पत्र व निवास प्रमाण पत्र गलत बताया है। इस कारण आप लोगों को धनराशि प्राप्त नहीं हो सकेगी। इसके बाद छात्राएं तहसील प्रशासन से मिलीं। इसके बाद तहसील प्रशासन ने उनके आय प्रमाण पत्र व निवास को सत्यापित कर दिया। छात्राओं का आरोप था कि तहसील व अल्पसंख्यक कार्यालय का चक्कर लगाते-लगाते थक चुकी हैं। जब हम लोगों का सत्यापन दुबारा तहसील प्रशासन ने कर दिया है तो अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी धनराशि क्यों नहीं दे रहे हैं। उनका आरोप था कि जिसने विद्यालय प्रशासन को पांच हजार रुपया दिया, उन छात्राओं को धनराशि उपलब्ध करा दी गई। हम लोगों ने पैसा नहीं दिया तो आय व निवास प्रमाण पत्र गलत बताकर धनराशि उपलब्ध नहीं कराई गई। नाराज छात्राएं जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी का घेराव कर तत्काल धनराशि उपलब्ध कराने की मांग करने लगीं।