बलिया। जिला अस्पताल में नए भवन के पीछे गंदगी के चलते लोगों को जीना मुश्किल हो गया है। मरीज और तीमारदार गंदगी से परेशान हैं। इतना ही नहीं अस्पताल परिसर में चिकित्साकर्मी भी परेशान हो रहे। हालत यह है कि शिकायत के बाद भी अस्पताल प्रशासन इस ओर ध्यान नहीं दे रहा। इसके चलते मरीज और तीमारदारों में नाराजगी बढ़ रही है।
जिला अस्पताल में कूड़ा पात्र की बेहद कमी है। जिसके चलते अस्पताल से निकाले गए कूड़े का निस्तारण नए भवन के पीछे फर्श पर ही किया जा रहा है। जिसे नगर पालिका द्वारा निस्तारित किया जाना है। लेकिन नपा की लापरवाही के चलते बहुत दिनो से कूड़ा वहीं पड़ा हुआ है। कूड़े में पशुओं द्वारा भोजन की तलाश की जाती है। जिससे कूड़े का फैलाव बढ़ता ही जा रहा है। बारिश के बाद तो कूड़े का और भी बुरा हाल हो जाता है। सड़ रहे कूड़े से अब तो दुर्गंध भी उठने लगी है। जबकि उसके पास ही अस्पताल कर्मचारियों का आवास भी है। ऐसे में लोगों को दुश्वारियां झेलनी पड़ रही है।
गौरतलव है कि बीते महीने प्रदेश के कैबिनेट मंत्री श्रीकांत शर्मा अस्पताल दौरे में गंदगी देख भड़क उठे थे। नगर पालिका ईओ को फटकार लगाते हुए इसके निस्तारण का निर्देश दिया था। उधर, जिला अस्पताल के नए भवन के पास की गली को सीएमएस ने साफ करवाया। लोगों को ताकीद किया कि वे अपने आसपास सफाई रखें।
कोट
नगर पालिका परिषद से कूड़ा पात्र मांगा गया है। इसके लिए नपा को कई पत्र भी लिखे गये, लेकिन कूड़ा पात्र उपलब्ध नहीं कराया गया। जिसके चलते कूड़े का निस्तारण नहीं हो पाया है।
डा. जीसी मौर्या, सीएमएस