बैरिया। तहसीलदार न्यायालय की आलमारी से 85 विवादित फाइलें चोरी हो गई हैं। तहसीलदार न्यायालय के पेशकार ओमप्रकाश पटेल (मुहर्रिर ज्युडिशियल) ने प्रभारी निरीक्षक बैरिया को तहरीर दी है। वहीं, तहसीलदार न्यायालय से फाइलों के गायब होने से अधिवक्ताओं ने आक्रोश व्यक्त किया है। वादकारी भी परेशान घूम रहे हैं।
तहसीलदार के निर्देश पर पेशकार ओमप्रकाश पटेल ने बैरिया थाना में तहरीर दी कि 12 अप्रैल को प्रतिदिन की भांति न्यायालय में उपस्थित होकर न्यायालय कक्ष का ताला खोला। न्यायिक कार्य करने के लिए जब आलमारी खोली तो पाया कि पत्रावलियों के बंडल में से कुछ विवादित पत्रावलियां नहीं थी।
पेशकार ओमप्रकाश पटेल ने तहरीर में कहा कि सहयोगियों के साथ पत्रावली की तलाश में आलमारी में की गई तो पता चला कि प्रत्येक बंडल से कुछ-कुछ विवादित पत्रावलियां और पेशी बही रजिस्टर गायब है। इसकी मौखिक सूचना तहसीलदार को दी गई। उन्होंने जांच को कहा। पत्रावलियों का फिर से मिलान किया गया। लगभग 85 विवादित पत्रावलियां गायब मिलीं।
पेशकार ने यह भी कहा कि मिसीलबंद रजिस्टर से पुनः मिलान किया जा रहा है। अगर यदि और पत्रावलियों के गुम होने का तथ्य प्रकाश में आएगा तो इसकी सूचना दी जाएगी। उक्त तहरीर पर तहसीलदार बैरिया सुदर्शन कुमार ने एसएचओ बैरिया को आवश्यक कार्रवाई करने का आदेश दिया है।
यह फाइल हैं गायब
सुशील बनाम मंजू, मंजू बनाम मथुरा, मथुरा बनाम मंजू निवासी बैरिया, नीलू बनाम राम प्रवेश निवासी रामपुर गंगापुर, सावित्री बनाम विनय निवासी दुर्जनपुर, संतोष बनाम नीलम निवासी सोनबरसा, धनवती बनाम वीरेन्द्र सिवान टोला तजमीसानी, श्रीनाथ बनाम अरविंद मुरली छपरा, त्रियोगी बनाम कपिल चक गिरधर, दुर्जनपुर मौजा के श्रीनाथ बनाम उर्मिला, इब्राहिमाबाद नौबरार अनिल बनाम सरकार, चकिया वकील बनाम राज लक्ष्मी, बैजनाथपुर बुचिया बनाम सावित्री, सोनबरसा प्रभाकर बनाम मयंक, मानगढ़ वीरेन्द्र वर्मा बनाम अनिल सहित विभिन्न गांव की 85 फरियादियों के मुकदमों की पत्रावलियां न्यायालय की आलमारी से रहस्यमय ढंग से गायब हैं।
अधिक हो सकती हैं फाइलों की संख्या
बैरिया। बार एसोसिएशन बैरिया के अध्यक्ष अक्षयबर पांडेय, उपाध्यक्ष उमेश सिंह, कलेक्ट बार के महामंत्री चंद्रशेखर यादव, बसंत पाण्डेय, राकेश मिश्रा, रामप्रकाश सिंह, राजकुमार तिवारी, शिवजी सिंह, अजय सिंह, राजकुमार तिवारी, राकेश मिश्रा, हरिशंकर आदि अधिवक्ताओं ने आरोप लगाया कि बैरिया तहसील के अधिकांश न्यायालय में अराजकतत्व सक्रिय हैं। जांच की जाए तो 85 ही नहीं बल्कि बैरिया तहसील के सभी न्यायालयों में यह संख्या बहुत बड़ी हो सकती है। इसकी जांच व कार्रवाई के लिए अधिवक्ता आंदोलन के मूड में है।
अधिवक्ताओं ने लगाए आरोप
बैरिया। अधिवक्ताओं ने आरोप लगाया कि नायब तहसीलदार सुरेमनपुर के न्यायालय में पुरानी फाइलों में बैक डेट में आदेश कर दिया गया है। जो गैरकानूनी व नियम के विपरीत है। अधिवक्ताओं ने उक्त नायब तहसीलदार के स्थानांतरण तक इनके न्यायालय का बहिष्कार करने की घोषणा की है। वहीं, नायब तहसीलदार रोशन सिंह ने इस आरोप को बेबुनियाद बताया है।
न्यायालय की आलमारी से 85 फाइल गायब हुई है। मामले में बैरिया थाने में तहरीर दी गई है। साथ ही खुद मामले की जांच कर रहा हूं। दोषियों को बक्शा नहीं जाएगा, सख्त कार्रवाई होगी। - सुदर्शन कुमार, तहसीलदार, बैरिया
तहसीलदार न्यायालय से फाइल गायब होने की तहरीर मिली है। मामले में जांच की जा रही है। जांच के बाद एफआईआर दर्ज की जाएगी।
धर्मवीर सिंह, एसएचओ, बैरिया
तहसीलदार न्यायालय की आलमारी से 85 विवादित फाइलें गायब होने के मामले में बैरिया थाने में तहरीर दी गई है। साथ ही मामले की जांच की जा रही है। दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी। - सुनील कुमार एसडीएम, बैरिया