बलिया। जिला कारागार में महिला दिवस के अवसर पर जेल प्रशासन द्वारा कारागार में निरुद्ध महिला बंदियों के बीच एक गोष्ठी का आयोजन किया गया। जिसमें बंदी महिलाओं को योग शिक्षा, पठन पाठन, बागवानी आदि की समीक्षा की गई। बंदी महिलाओं को संबोधित करते हुए जेल अधीक्षक प्रशांत कुमार ने कहा कि नारी अब अबला नहीं है। वह समाज के हर कार्य में पुरुषों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चल रही हैं। वहीं जेलर पंकज कुमार सिंह ने कहा कि नारी सृष्टि की प्रथम शक्ति है, नारी के बिना नर नहीं होता। यहां महिला और पुरुष बंदी द्वारा किए जा रहे उत्कृष्ट कार्य से कम नहीं है। कार्यक्रम के अंत में योग शिक्षिका बंदी अंजू सोने, बंदी सीमा गुप्ता एवं सीमा देवी को अंगवस्त्रम देकर सम्मानित किया गया। इस मौके पर डिप्टी जेलर अमरजीत सिंह, विजय कुमार गौतम, आदि लोग उपस्थित रहे।