बलिया। जन समस्याओं के त्वरित और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के लिए जनपद के सभी तहसीलों में शनिवार को संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। जिलाधिकारी रवींद्र कुमार ने तहसील बांसडीह में संपूर्ण समाधान दिवस पर आए लोगों की समस्याओं को सुना। राजस्व, पुलिस, खाद्य एवं रसद , चकबंदी, विकास , विद्युत , समाज कल्याण, कृषि,मार्केटिंग,लोक निर्माण,एवं शिक्षा विभाग सहित विभिन्न विभागों के कुल 67 मामले आए। किसी का निस्तारण मौके पर नहीं हुआ।
उन्होंने अधिकारियों को सख्त हिदायत दी कि जन समस्याओं के निस्तारण में हीलाहवाली अक्षम्य होगी। अधिकारी जन समस्याओं को गंभीरतापूर्वक लें अन्यथा कार्रवाई के लिए तैयार रहें। एसपी देव रंजन वर्मा, बीएसए मनीष सिंह, उप जिलाधिकारी अभिषेक प्रियदर्शी सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे। बैरिया में एसडीएम सुनील कुमार के अध्यक्षता में समाधान दिवस हुआ। उस समय अजीबोगरीब स्थिति उत्पन्न हो गई जब बैरिया तहसील के अधिवक्ता फरियादी बनकर उपजिलाधिकारी के पास पहुंचे। उपजिलाधिकारी, तहसीलदार व नायब तहसीलदार के न्यायालय से गायब फाइलों को ढूंढ़वाने व बिना सुनवाई के खारिज किए गए मुकदमों को सुनवाई कर उन्हें बहाल करने की गुहार लगाई। खराब पड़े हैंडपंपों को तत्काल ठीक कराने की गुहार लगाई। लोगों का कहना है कि दूसरे को न्याय दिलाने वाले अधिवक्ता स्वयं न्याय के लिए कतार में खड़े हैं। अवधेश यादव, रमेश यादव निवासी मिश्र के मठिया ने पारिवारिक विवाद का मामला प्रस्तुत किया। रेवती वार्ड एक के मूरत तुरहा ने जमीन विवाद, अनिल मिश्र शुभनथई ने जमीन विवाद, राजमंगल वर्मा बुधनचक ने भूमि विवाद की शिकायत की। 28 मामलों में से 20 भूमि विवाद से संबंधित थे। रसड़ा में एसडीएम आलोक प्रताप सिंह और सीओ फहीम कुरैशी की अध्यक्षता में 41 मामले प्रस्तुत किए। किसी का निस्तारण नहीं हुआ।