रसड़ा। कोतवाली क्षेत्र के जाम अनुसूचित बस्ती में मंगलवार भीषण आगलगी में नौ राहायशी झोपड़ियां जलकर स्वाहा हो गयी। घंटो मशक्कत के बाद फायर विग्रेड एवम ग्रामीण आग पर काबू पाते तब तक घरेलू उपभोग के सभी समान के साथ दो भैस काल के गाल में समा गई, वहीं चार पड़िया भी बुरी तरह झुलस गई। पीड़ित परिवार खुले आसमान के नीचे जीवन यापन करने पर मजबूर है। रामनाथ व रवींद्र की की नौ झोपड़ियां जलकर राख हो गई , वहीं उसके जद में आने से दो भैंस जहां काल कलवित हो गईं वहीं चार पड़ियां व भैंस भी बूरी तरह झुलस गईं। इस अग्निकांड में रामनाथ की पांच झोपडियां उसमें रखे घर-गृहस्थी के सभी समान जलकर राख हो गया। झोपड़ी में वधी दो भैंस काल के गाल में समा गयीं जबकी चार पड़ियां भी बूरी तरह झुलस गई। पास मौजूद रवींद्र की चार झोपड़ियां समेत उसमें रखा घरेलू उपभोग का सारा सामान जल गया। सबकुछ स्वाहा हो जाने के बाद दोनों परिजनों का रोते रोते बुरा हाल था।