बैरिया। नेशनल हाईवे 31 की मरम्मत और इब्राहिमाबाद में अग्निशमन केंद्र का चालू करने की मांग को लेकर सोमवार को इंटक के जिलाध्यक्ष विनोद सिंह के नेतृत्व में बड़ी संख्या में लोगों ने तहसील परिसर में प्रदर्शन करने के बाद धरना दिया। चार घंटे बाद प्रदर्शनकारियों ने उपजिलाधिकारी दुष्यंत कुमार मौर्य और क्षेत्राधिकारी बैरिया को ज्ञापन देकर धरना समाप्त हुआ। चेतावनी दी कि अगर 15 जून तक मांगें पूरी नहीं हुईं तो 16 जून से बड़े पैमाने पर आंदोलन किया जाएगा।
धरना सभा को संबोधित करते हुए इंटक के जिलाध्यक्ष सिंह ने कहा कि एनएच 31 के क्षतिग्रस्त होने से जहां आवागमन प्रभावित है। इब्राहिमाबाद में बन कर तैयार अग्निशमन केंद्र का संचालन नहीं होने से क्षेत्र में होनेेवाली अगलगी की घटनाओं पर तत्काल नियंत्रण नहीं हो पा रहा है। कहा कि कुछ दिनों पहले क्षेत्र के विधायक ने सोशल मीडिया पर पोस्ट में लिखा था कि मुख्यमंत्री ने अग्निशमन सेवा केन्द्र को बड़ा वाहन उपलब्ध कराने व चालक की नियुक्ति करने का आश्वासन दिया है। बताया कि पूर्व सांसद भरत सिंह ने तो परिवहन केन्द्रीय मंत्री नितिन गडकरी से फोर लेन के लिए घोषणा भी करवा दिया था, ऐसे में सिर्फ लेटर लिखने से एनएच 31 का मरम्मत नहीं हो जाएगा। इस मौके पर पशुपति नाथ ओझा, पप्पू कुमार सिंह, रामाधार पांडेय, अनिल सिंह, दीपचन्द पासवान, अमित सिंह, प्रिंस सिंह, पारसनाथ वर्मा, अंजनी चौबे, पवन कुमार चौबे, अमन सिंह आदि रहे।
दो बार भेजा गया प्रस्ताव लेकिन धन की स्वीकृति नहीं मिली : बैरिया। बैरिया से मांझी तक एनएच 31 के मरम्मत की मांग एक वर्ष से की जा रही है। क्षतिग्रस्त सड़क की वजह से आए दिन सड़क हादसे हो रहे हैं और दर्जनों लोग मौत की गाल में समा चुके हैं। ग्रामीणों की मांग पर एनएचएआई के परियोजना निदेशक नवीन मिश्र ने भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण सड़क परिवहन राजमार्ग मंत्रालय को दो अप्रैल को पत्र लिखकर 505 किमी से 532 किमी तक एनएच 31 मार्ग व क्षतिग्रस्त जयप्रभा सेतु के मरम्मतीकरण की आवश्यकता बताते हुए 9.91 करोड़ रुपये का प्राक्कलन भेजा था लेकिन अब तक धन स्वीकृति नहीं की गई। पुन: एक बार बैरिया से मांझी तक एनएच 31 के गड्ढों को भरने के लिए 3.71 करोड़ का प्राक्कलन भेजा गया है। लेकिन इसकी भी स्वीकृति अभी नहीं मिली है। उधर, एनएचएआई के परियोजना निदेशक एनएच 31 के मरम्मत कार्य के लिए पहले 9.91 करोड़ का प्राक्कलन भेजा गया था उक्त धन की स्वीकृति नहीं मिलने पर केवल सड़क के गड्ढों को भरने के लिए पुन: 3.71 करोड़ रुपये का प्राक्कलन भेजा गया है। धन स्वीकृति होते ही मरम्मत कार्य शुरू करा दिया जाएगा। इब्राहिमाबाद स्थित अग्निशमन केंद्र को लेकर सीएफओ तबारक हुसैन ने कहा कि जिले में चालक की कमी है। अग्नि शमन केन्द्र इब्राहिमाबाद के संचालन के लिए पुलिस अधीक्षक से लगायत पुलिस महानिदेशक अग्निसेवा को पत्र भेजकर बड़ी वाहन व खासकर के चालक की नियुक्ति करने का आग्रह किया गया है। लेकिन चालक उपलब्ध न होने से संचालन कार्य शुरू नहीं किया जा सका है।
एनएच की मरम्मत के लिए दूसरे दिन भी अनशन : जयप्रकाशनगर। एनएच 31 बैरिया मांझी मार्ग की मरम्मत की मांग को लेकर युवाओं का क्रमिक अनशन सोमवार को दूसरे दिन भी जारी रहा। ट्रक चालक भी अपने ट्रकों को खड़ा कर क्रमिक अनशन करने वालों का सहयोग किया। अनशनकारियों ने कहा कि जबतक मरम्मत शुरू नहीं हो जाती है तबतक आंदोलन जारी रहेगा। कर्ण छपरा निवासी दुर्गविजय सिंह झलन के नेतृत्व में युवाओं ने कई बार अधिकारियों से शिकायत की लेकिन मरम्मत का कार्य नहीं शुरू किया गया। युुवाओं ने 12 जुलाई 2018 को जयप्रकाशनगर से पद यात्रा कर 14 जुलाई को जिलाधिकारी को ज्ञापन दिया था। जिलाधिकारी ने मरम्मत कराने का आश्वासन दिया था। मरम्मत कार्य शुरू नहीं होने पर लोगों ने राघव सिंह के डेरा के सामने बीते 22 जनवरी को चक्का जाम किया था। इससे आक्रोशित युवाओं ने झलन के नेतृत्व में एनएच 31 पर जिन्न बाबा के पास क्रमिक अनशन शुरु कर दिया। आंदोलन दूसरे दिन सोमवार को भी जारी रहा। ट्रक चालक भी आंदोलन में शामिल हुए। दुर्गविजय सिंह झलन ने चेतावनी दी कि प्रशासन ने कार्रवाई नहीं की गई तो चार जून से आमरण अनशन शुरू किया जाएगा। छह जून को सड़क पर बने गढ्ढे में बैठकर चक्का जाम किया जाएगा। इस मौके पर छात्र नेता आनंद पांडेय, अमूल सिंह ,रामकुमार सिंह, विक्की सिंह, रणधीर सिंह, बबलू मिश्रा, गोलू मिश्रा, राहुल यादव, भवानी सिंह, लालबहादुर शास्त्री आदि रहे।