अवैध शराब निर्माण व बिक्री के खिलाफ कलेक्ट्रेट में एक जुलाई से अनशन कर रहे शाहनेवाजपुर साहबपुरवा के ग्रामीणों ने गत रविवार से भूख हड़ताल शुरु कर दी। उनमें शामिल एक महिला की रविवार को हालत बिगड़ गई।
उसे जिला अस्पताल ले जाया गया जहां से डॉक्टरों ने लखनऊ रेफर कर दिया। अनशनकारियों ने महिला को निजी अस्पताल में भर्ती करवाया जहां हालत नाजुक बताई जा रही है।
शाहनेवाजपुर साहबपुरवा के ग्रामीणों ने अवैध शराब कारोबारियों के खिलाफ मोर्चा खोल रखा है।
आरोप है कि शराब कारोबारियों ने पुलिस की मिलीभगत से कुछ दिन पूर्व गांव में पूजा पाठ कर रहे महिलाओं व पुरुषों की पिटाई कर दी। इससे आहत ग्रामीणों ने एक जुलाई से कलक्ट्रेट पर अनशन शुरु किया। प्रशासन द्वारा संज्ञान नहीं लेने पर रविवार से ग्रामीणों भूख हड़ताल कर दी।
इससे राम आधार की पत्नी रेनू निषाद की हालत बिगड़ गई। उसे जिला अस्पताल लाया गया जहां डॉक्टरों ने उसे लखनऊ रेफर कर दिया। रेनू को परिचितों ने नर्सिंग होम में भर्ती करवाया जहां उसकी हालत नाजुक बताई गई। भूख हड़ताल में रविवार को राजेंद्र प्रसाद, पूरन निषाद, राम सूरत, क्षेत्र पंचायत सदस्य रीता गुप्ता, बदलू समेत तमाम शामिल रहे थे।