गड़रियनपुरवा में तेंदुए के हमले में महिला की मौत के बाद जुटी भीड़।
मिहींपुरवा/बिछिया। सुजौली के गड़रियनपुरवा मजरे में बृहस्पतिवार शाम घर के पास सब्जी तोड़ने गई ममता देवी (35) देवी पर तेंदुए ने हमला कर दिया। इससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई और तीन छोटे बच्चों के सिर से मां का साया उठ गया। घटना के बाद गांव में दहशत के साथ वन विभाग के खिलाफ ग्रामीणों का आक्रोश भी बढ़ गया है।
घटना बृहस्पतिवार शाम करीब 5:30 बजे की है। ग्रामीणों के अनुसार ममता देवी शाम के खाने के लिए घर के पास स्थित खेत में सब्जी तोड़ रही थीं। इसी दौरान खेत में पहले से मौजूद तेंदुए ने उन पर हमला कर दिया। शोर सुनकर परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक ममता की मौत हो चुकी थी। गांव के लोगों के शोर मचाने पर तेंदुआ भागकर झाड़ियों में ओझल हो गया।
ममता के पति राजेंद्र बाहर मजदूरी करने गए हैं। वह घर पर रहकर बच्चों की देखभाल करती थीं। उनके तीन बच्चे शिवमंगल (8), टुन्नू (5) और शिवानी (4) हैं। मां की मौत के बाद बच्चों और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटना के बाद पुलिस और वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर आक्रोशित लोगों को समझाकर शांत किया। पुलिस ने शव को कब्जे में ले लिया है। सुजौली वन क्षेत्राधिकारी नीरज श्रीवास्तव ने बताया कि पीड़ित परिवार की हर संभव मदद की जाएगी। घटनास्थल के पास पिंजरा लगाया जा रहा है।
कई दिनों से गांव के आसपास दिख रहा था तेंदुआ
ग्रामीणों का कहना है कि तेंदुआ पिछले कई दिनों से गांव और आसपास के खेतों में दिखाई दे रहा था। उसकी गतिविधियों से ग्रामीण पहले से ही भयभीत थे। गांव निवासी बृजमोहन, मिथलेश, रामखेलावन पाल, मौजीलाल, दीनानाथ और संतोष का आरोप है कि तेंदुए की मौजूदगी की जानकारी होने के बावजूद समय रहते उसे पकड़ने के लिए पिंजरा नहीं लगाया गया। उनका कहना है कि घर के पास हुई घटना ने वन विभाग की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। घटना के बाद ग्रामीणों में दहशत के साथ आक्रोश भी है।