तेजवापुर की ग्राम पंचायत बालासराय से शनिवार को लखनऊ के लिए जाते ग्रामीण। -संवाद
बौंडी। तेजवापुर ब्लॉक में जल जीवन मिशन के तहत हुए कार्यों में भ्रष्टाचार और अनियमितता का आरोप लगाते हुए ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा है। ग्राम पंचायत बालासराय के मेला पुरवा में चल रहे धरने के दूसरे दिन शनिवार को दर्जनों ग्रामीण अपनी शिकायतों को लेकर मुख्यमंत्री से मिलने पैदल ही लखनऊ के लिए रवाना हो गए।
ग्रामीणों का आरोप है कि बालासराय, रमपुरवा, सुरजना, ऊंचगांव और उदवापुर में पानी की टंकियों और पाइप लाइन के निर्माण में भारी बंदरबांट हुई है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि करीब पांच करोड़ रुपये की लागत से बनी इन टंकियों को स्थापित हुए पांच साल बीत चुके हैं, लेकिन ग्रामीणों को आज तक एक बूंद पानी नसीब नहीं हुआ।
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे रोहित दीक्षित ने बताया कि सरकारी कागजों में काम को पूरा दिखा दिया गया है, जबकि जमीनी हकीकत इसके उलट है। ग्रामीण अब इस पूरे घोटाले की सीबीआई जांच और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। पैदल यात्रा के दौरान हरदी थाना पुलिस ने ग्रामीणों को समझाने और रोकने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण अपनी मांगों पर अड़े रहे और मुख्यमंत्री से मिलने के संकल्प के साथ आगे बढ़ते रहे।