गोंडा, बहराइच, श्रावस्ती व बलरामपुर को जोड़ता है संजय सेतु,
बहराइच-लखनऊ राजमार्ग पर बना है पुल, कई बार हो चुका है क्षतिग्रस्त, घंटों तक बंद रहा है आवागमन
वर्ष 1984 से शुरू हुआ था पुल पर आवागमन
संवाद न्यूज एजेंसीबहराइच। चार जिलों गोंडा, बहराइच बलरामपुर व श्रावस्ती को राजधानी लखनऊ से जोड़ने वाले राजमार्ग पर बना संजय सेतु बीते कई सालों से जर्जर है। कई बार इसके बोल्डरों में दरार आने से संजय सेतु को बंद किया गया है और घंटों आवागमन बाधित रहा है। बावजूद इसके इस जर्जर पुल के लिए कोई ठोस उपाय नहीं किया गया है। जिससे कभी भी मंडल के चार जिलों का संपर्क राजधानी लखनऊ से कट सकता है।
बहराइच-लखनऊ राजमार्ग स्थित सरयू नदी पर साल 1981 में तत्कालीन मुख्यमंत्री विश्वनाथ प्रताप सिंह ने संजय सेतु की आधारशिला रखी थी। वर्ष 1984 में यह पुल आवागमन के लिए आम जनमानस को समर्पित कर दिया गया था। जिसके बाद से इस पर प्रतिदिन हजारों बड़े-छोटे वाहनों का आवागमन हो रहा है। लेकिन शुरुआत के 40 वर्षों बाद पुल पर वाहनों का दबाव लगभग 50 गुना बढ़ गया है। इस पर पर मंडल के चारों जिलों श्रावस्ती, बलरामपुर, गोंडा व बहराइच के हजारो बड़े-छोटे वाहन प्रतिदिन गुजरते हैं। दूसरे प्रदेशों व जिलों से आने वाले भारी वाहन भी इसी मार्ग का प्रयोग करते हैं। इसके चलते धीरे-धीरे कर यह पुल जर्जर हो गया है और आए दिन इसमें खामी आ रही है। बीते तीन सालों के बीच कई बार मरम्मत के लिए इस पुल पर वाहनों का आवागमन ठप किया गया है और इससे भीषण जाम की स्थिति बनी है। जिसके चलते वर्तमान में जारी भारी बारिश व सरयू के विकराल रूप के बीच स्थानीय राहगीर कभी भी पुल पर आवागमन ठप होने की बात कह रहे हैं।
कई बार बोल्डर में आ चुकी है खामी
सरयू नदी पर बना विशाल संजय सेतु बीते कुछ सालों में 15 अप्रैल 2022 को दरक गया था। इसके ज्वाइंटर में काफी लंबा गैप आ गया था। वहीं 21 अप्रैल 2022 को पुल पर गड्ढे बन गए थे। जिसके कारण आवागमन में परेशानी हो रही थी। जिसके बाद इसकी मरम्मत की गई थी और भीषण जाम लगा था। वहीं 10 जुलाई 2022 को एक बार फिर संजय सेतु के गाटर में दरार आ गई थी। जिससे पुल के अंदर बड़ी लोहे की पाइपें दिखने लगी थीं और राहगीर सहम गए थे। जिसके बाद इसकी मरम्मत करवाई गई और फिर जाम लगा था। यही नहीं 15 अक्तूबर 2022 को फिर से पुल का ज्वाइंटर दरक गया था और पुल के दोनों ओर भीषण जाम लगा था। रात में पुल में आई दरार को सुबह तक सही नहीं किया जा सकता था और इसके चलते 10 से अधिक घंटे तक हजारों वाहन फंसे रहे थे। यही नहीं 23 फरवरी 2024 को भी पुल का ज्वाइंटर टूट गया था। जिसके बाद 26 फरवरी को इसे सही किया गया था और इस दौरान भी वाहन चालकों को लंबा जाम झेलना पड़ा था।
नया पुल बनने को मिल चुकी है मंजूरी
सरयू पर संजय सेतु के पास ही एक नया पुल बनने को मंजूरी केंद्र व राज्य सरकार से मिल चुकी है। बहराइच से बाराबंकी तक हाईवे फोरलेन होना है। उसी के साथ इस पुल का भी निर्माण होगा। इसके लिए प्रक्रिया चल रही है। लेकिन अभी इस काम में तेजी नहीं दिख रही है। ऐसे में लोगों को अभी यहां नए पुल पर आवागमन के लिए लंबे समय तक इंतजार करना पड़ सकता है।
जल्द शुरू होगा दूसरे पुल का निर्माण
लखनऊ-बहराइच हाईवे फोरलेन के लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया चल रही है। जल्द ही फोरलेन और सरयू नदी पर दूसरे पुल के निर्माण का कार्य शुरू हो सकेगा। -मोनिका रानी, डीएम