जिले में अलग-अलग स्थानों पर बुधवार को हुए सड़क हादसों में तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि चार घायल हो गए। सभी घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इनमें एक की हालत नाजुक बताई जा रही है। बताया जा रहा है कि हादसे का शिकार हुए बाइक सवारों ने हेलमेट नहीं लगाया था।
फखरपुर थाना क्षेत्र के गड़रियनपुरवा निवासी राजेश पाल (28 पुत्र रामसूरत मंगलवार की रात दरगाह थाना अंतर्गत शहर के बख्शीपुरा मोहल्ले में रिश्तेदारी में आयोजित मांगलिक कार्यक्रम में शामिल होने आया था। कार्यक्रम में शामिल होने के बाद सुबह वह बाइक से घर लौट रहा था।
इसी बीच कोतवाली देहात क्षेत्र में लखनऊ-बहराइच मार्ग पर टिकोरा मोड़ के निकट सामने से आ रही तेज रफ्तार ट्रैक्टर-ट्रॉली ने टक्कर मार दी। इसके बाद राजेश पाल बाइक समेत ट्रैक्टर-ट्रॉली में फंसकर दूर तक घिसटता चला गया। चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग दौड़े, जिस पर चालक वाहन छोड़कर मौके से भाग गया। लहूलुहान हालत में राजेश को जब जिला अस्पताल भेजा जा रहा था, तभी उसने दम तोड़ दिया। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को सीज कर दिया है।
उधर, पयागपुर थाना क्षेत्र के डेरवा हरबंशपुर गांव निवासी अलखराम (60) पुत्र दुखईराम खुटेहना बाजार के पास मकान का निर्माण करवा रहे थे। बुधवार को सुबह जब वह सड़क पार कर रहे थे, तभी तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी। चीख सुनकर लोग दौड़े, लेकिन तब तक दुर्घटनाग्रस्त वाहन को लेकर चालक भाग गया। गंभीर हालत में अलखराम को जिला अस्पताल पहुंचाया गया, यहां से डॉक्टरों ने उसे ट्रॉमा सेंटर लखनऊ रेफर कर दिया। लेकिन रास्ते में कैसरगंज के निकट अलखराम ने दम तोड़ दिया।
वहीं, इसी मार्ग पर कोल्हुवा के पास दो बाइकों की आमने-सामने हुई भिड़ंत में पयागपुर निवासी जगमोहन, रामचंदर व गिलौला निवासी बाबू खां तथा बृजेश घायल हो गए। सभी घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया गया है। इनमें बृजेश की हालत नाजुक बताई जा रही है। पुलिस ने मृतकों के मामले में केस दर्ज कर जांच शुरू की है।
वहीं, बौंडी थाना क्षेत्र के पिपरी कन्हैयालाल पंडितपुरवा गांव निवासी जगदीश प्रसाद (65) पुत्र मनोहर लाल सुबह पारिवारिक कार्य से जिला मुख्यालय आया था। काम निपटाने के बाद वह साइकिल से घर लौट रहा था। जगदीश जब कोतवाली देहात अंतर्गत गोलवाघाट के पास पहुंचा, तभी सामने से आ रहे तेज रफ्तार बाइक सवार ने टक्कर मार दी। गंभीर हालत में आसपास के लोगों ने जगदीश को जिला अस्पताल भेजा, लेकिन अस्पताल पहुंचते ही उसने दम तोड़ दिया।