उर्रा (बहराइच)। मोतीपुर रेंज के नैनिहा गांव में जंगल से सटे खेत में ग्रामीण धान की कटाई कर रहे थे। इसी दौरान जंगल से निकल कर आए बाघ ने बैल को निवाला बना लिया। ग्रामीणों के शोर मचाने व पीपा पीटने पर बाघ जंगल में चला गया। बाघ के हमले से ग्रामीणों में दहशत है।
कतर्नियाघाट संरक्षित वन क्षेत्र के मोतीपुर रेंज अंतर्गत नैनिहा गांव जंगल से सटा हुआ है। नैनिहा के किसानों के खेत खड़िया रोड पर हैे। बुधवार देर शाम किसान खेत में धान की फसल की कटाई कर रहे थे। इसी दौरान जंगल से बाघ निकल आया। उसने खेत में चर रहे छुट्टा बैल पर हमला कर निवाला बना लिया।
यह देख ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। लोगों के शोर मचाने व पीपा पीटने पर बाघ जंगल की ओर चला गया। बाघ के हमले से ग्रामीणों में दहशत है। ग्रामीणों ने बाघ के हमले की सूचना रेंज कार्यालय पर दी।
वनकर्मियों ने मौके पर पहुंचकर जांच की। जंगल से सटे गांवों में निकल रहे बाघ व तेंदुओं से ग्रामीण दहशत में हैं। मालूम हो कि जहां पर घटना हुई है। वहां से 100 मीटर की दूरी पर खपरा वन चौकी स्थापित है। यहां 24 घंटेे में एक बार बाघ की आमद जरूर होती है।