नवाबगंज (बहराइच)। कस्बे में संक्रामक रोग फैल गए है, जिसकी चपेट में आकर सात लोग गंभीर रूप से बीमार हैं। इनमें तीन मरीज केजीएमयम लखनऊ रेफर कर दिए गए हैं। सोमवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम कस्बे में पहुंची और 80 मरीजों की जांच कर दवाइयां दीं, लेकिन अभी तक फाॅिगंग नहीं की गई है। सिर्फ खानापूर्ति कर छोड़ दिया गया है।
नानपारा तहसील अंतर्गत नवाबगंज कस्बे में संक्रामक रोग फैल गए हैं, जिसकी चपेट में आकर कस्बे के लोग डेंगू, मलेरिया, बुखार व टायफायड से पीड़ित हैं। लेकिन मांग के बावजूद स्वास्थ्य विभाग की टीम कस्बा नहीं पहुंच रही थी, जिससे सात लोग संक्रामक रोगों की चपेट में आ गए। इनमें तीन मरीजों की हालत गंभीर होने पर उन्हें केजीएमयू लखनऊ रेफर कर दिया गया है।
सोमवार के अंक में समाचार पत्रों में खबर प्रकाशित होने के बाद ब्लॉक नवाबगंज के संक्रामक रोग नियंत्रण की टीम ने डेंगू व बुखार प्रभावित मोहल्लों का दौरा कर पीड़ित मरीजों की जानकारी ली। इसके बाद पीड़ितों को दवाइयां वितरित की।
टीम में सुपरवाइजर सत्तार खान व महिला सुपरवाइजर सुषमा पांडेय के साथ बीएचडब्ल्यू के बीके तिवारी, शरत चंद्र मिश्रा ने कस्बा नवाबगंज के प्रभावित बुखार व डेंगू से प्रभावित मोहल्लों में स्थित कन्या पाठशाला में एक शिविर लगाकर जांच की। कस्बे के 80 लोगों को एंटीबायोटिक व पैरासिटामोल दवाइयां वितरित की। टीम ने प्रभावित मोहल्लों में जाकर मरीजों की जानकारी ली।
इस संबंध में मोहल्लेवासियों ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों ने सिर्फ खानापूर्ति के लिए एक-एक दिन की गोली एंटीबायोटिक व पैरासीटामॉल वितरित की है। यह सिर्फ खानापूर्ति है। उधर, स्वास्थ्य विभाग की टीम ने नवाबगंज में सोमवार को मरीजों की जांच कर सभी को एक ही दवा वितरित की। किसी भी मरीज की जांच नहीं की, जिससे पता चल सके कि किसे किस बीमारी की दवा देनी है। इससे ग्रामीणों में नाराजगी भी है।