बिछिया। सरयू नदी में डॉल्फिन की मौजूदगी और उनकी संख्या का पता लगाने के लिए बुधवार से सर्वे शुरू हो गया। बहराइच के कैलाशपुरी स्थित चौधरी चरण सिंह घाघरा बैराज से बिहार के रेवलगंज तक करीब 750 किमी की नदी यात्रा में 15 सदस्यीय टीम डॉल्फिन और जलीय जैव विविधता का अध्ययन करेगी। इस दौरान जलीय पक्षियों और जीवों के प्राकृतिक आवास का भी आकलन किया जाएगा।
सर्वे का नेतृत्व सीनियर प्रोजेक्ट एसोसिएट गौतम कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि टीम के छह सदस्य डॉल्फिन से जुड़े आंकड़े जुटाएंगे। तीन सदस्य जलीय पक्षियों और दो सदस्य जीवों के प्राकृतिक आवास का अध्ययन करेंगे। इसके अलावा सूक्ष्म जीवों से संबंधित जानकारी भी जुटाई जाएगी। सर्वे पूरा करने में करीब 25 दिन लगेंगे।
नदी के अलग-अलग हिस्सों में जलीय जीवों की मौजूदगी और उनके आवास की स्थिति का आकलन किया जाएगा। इससे सरयू के पारिस्थितिकी तंत्र और जैव विविधता को समझने में मदद मिलेगी। सर्वे के आंकड़ों के आधार पर डॉल्फिन समेत अन्य जलीय जीवों के संरक्षण और नदी की जैव विविधता को सुरक्षित रखने की योजनाएं बनाने में मदद मिलेगी।