बहराइच। स्टेट बैंक की दरगाह शरीफ शाखा से दस लाख रुपये के लोन में फ्रॉड का मामला पेश आया है। लखनऊ की एक महिला ने फर्जी सैलरी स्लिप लगाकर इसी बैंक से दस लाख का लोन ले लिया और अदा भी नहीं किया।
जब एसबीआई ने महिला की ओर से लगाई गई सैलरी स्लिप के पते पर नोटिस भेजा तब फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ। न्यायालय के आदेश के बाद दरगाह थाने की पुलिस ने आरोपी महिला के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
दरगाह शरीफ थाना क्षेत्र में स्थित स्टेट बैंक शाखा के प्रबंधक ने न्यायालय को दिए गए प्रार्थनापत्र में कहा है कि 19 अक्टूबर 2022 को कविता मिश्रा पत्नी देवेंद्र मिश्रा, निवासी तकरोही मार्केट, इंदिरा नगर, लखनऊ ने दस लाख रुपये का लोन लिया था।
आरोप है कि लोन लेने के लिए कविता मिश्रा ने डिपार्टमेंट ऑफ पोस्ट, पेपर मिल शाखा की फर्जी सैलरी स्लिप प्रस्तुत की थी। लेकिन जब कर्ज की अदायगी नहीं की गई तब कविता मिश्रा को सैलरी स्लिप के पते पर नोटिस भेजा गया। लेकिन डाक विभाग ने कविता मिश्रा की ओर से दिए गए पते के फर्जी होने की पुष्टि की। इसके बाद बैंक प्रशासन सकते में आ गया।
बैंक के अधिवक्ता आरके शर्मा और अनादि मिश्रा ने बताया कि महिला की ओर से धोखाधड़ी किए जाने का पता चलने के बाद शाखा प्रबंधक ने पहले 14 नवम्बर 2024 को थाना दरगाह शरीफ में रजिस्टर्ड डाक के माध्यम से शिकायत भेजी थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद 6 दिसम्बर 2024 को पुलिस अधीक्षक को भी पत्र भेजा गया। जब किसी स्तर पर सुनवाई नहीं हुई, तो न्यायालय की शरण ली गई।
न्यायालय के हस्तक्षेप के बाद दर्ज हुई एफआईआर
बैंक के अधिवक्ताओं आरके शर्मा व अनादि मिश्रा की ओर से प्रस्तुत प्रार्थना पत्र पर सुनवाई करते हुए न्यायिक मजिस्ट्रेट बहराइच ने थाना दरगाह शरीफ को एफआईआर दर्ज कर विधिक कार्रवाई करने का आदेश दिया। न्यायालय के आदेश के बाद पुलिस ने एफआईआर दर्ज देकर विवेचना शुरू कर दी है। दरगाह थाने के प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि मामले की जांच शुरू कर दी गयी है।