कैसरगंज। अतिवृष्टि से प्रभावित एक भी पात्र व्यक्ति राहत से वंचित न रहे। हर गांव, खेत और प्रभावित परिवार का मौके पर सर्वे कर वास्तविक नुकसान दर्ज किया जाए। दो दिन के भीतर पात्र प्रभावितों तक राहत पहुंचाई जाए। यह निर्देश जिले के प्रभारी मंत्री दिनेश प्रताप सिंह ने मंगलवार को कैसरगंज तहसील सभागार में सहायता वितरण के दौरान दिए।
उन्होंने कहा कि अधिकारी गांवों में पहुंचकर नुकसान का आकलन करें। सर्वे में कोई नया वास्तविक प्रभावित परिवार सामने आए तो उसका नियमानुसार आकलन कर राहत दी जाए। पात्रता की प्रक्रिया के नाम पर किसी पीड़ित की मदद न रुके। प्रभारी मंत्री ने जनहानि, पशुहानि और मकान क्षति से प्रभावित लोगों को अहेतुक सहायता राशि की चेक दी। इनमें आलोक कुमार, सुमन सिंह, रामसेवक, रिंकू, रतीपाल, नीलू, कैलाश, मंजू, बिंदु, उदयराज, मुंशीलाल, धनीराम, रुकसार, रामानंद, बुधराम, बलराम और सुकई समेत कई प्रभावित शामिल रहे।
महसी के उदय प्रताप सहित अन्य प्रभावितों को भी सहायता दी गई। इस दौरान विधायक सुरेश्वर सिंह, एमएलसी प्रज्ञा त्रिपाठी, जिला पंचायत अध्यक्ष मंजू सिंह, सीडीओ सुनील कुमार धनवंता, एसपी विश्वजीत श्रीवास्तव, एसडीएम प्रशांत कुमार नायक और एसडीएम महसी राजेश अग्रवाल मौजूद रहे।
खेतों में पहुंचकर देखी केले की फसल
जरवलरोड। प्रभारी मंत्री ने किसानों से बारिश और तेज हवा से हुए नुकसान की जानकारी ली। हाजी गुलाम मोहम्मद के फार्म हाउस पर किसानों से बातचीत के बाद खेतों में पहुंचकर क्षतिग्रस्त केले की फसल देखी। उन्होंने अधिकारियों को पारदर्शी सर्वे कराकर पात्र किसानों को नियमानुसार राहत देने के निर्देश दिए। इस दौरान हाजी गुलाम मोहम्मद, संतोष श्रीवास्तव, यूनुस, इबरार अहमद, कृष्ण कुमार श्रीवास्तव और नीरज चौरसिया समेत किसान मौजूद रहे।
कैसरगंज तहसील में डेमो चेक वितरित करते व खेतों का निरीक्षण करते प्रभारी मंत्री।