बहराइच (ब्यूरो)। अब जमीन का बैनामा कराना और महंगा हो गया है। दो प्रतिशत रजिस्ट्री फीस के साथ ही अन्य विलेखों की भी फीस कई गुना बढ़ गई है।
इस कारण बैनामा के साथ ही रजिस्ट्री, गोदनामा, वसीयत और मुख्तारनामा कराने वालों को भी अधिक फीस अदा करनी होगी।
उत्तर प्रदेश महानिरीक्षक निबंधन ने एक दिसंबर 2015 से शासनादेश रजिस्ट्रेशन अधिनियम 1908 में वर्णित रजिस्ट्रीकरण फीस का संशोधन करते हुए रजिस्ट्री फीस दोगुनी कर दी है।
यह संशोधित फीस महसी तहसील में मंगलवार से लागू कर दी गई है। महसी तहसील के उपनिबंधक उमेश सिंह ने बताया कि अब तक दो लाख 50 हजार तक की जमीन पर एक प्रतिशत रजिस्ट्री फीस देनी पड़ती थी।
वही फीस अब किसानों को दो प्रतिशत देनी पड़ेगी। रजिस्ट्री शुल्क के रूप में भी 10 हजार के बजाय 20 हजार रुपये अदा करने होंगे।
वहीं, 120 रुपये में होने वाले वसीयतनामा निबंधन शुल्क, गोदनामा, मुख्तारनामा का रेट 500 रुपये कर दिया गया है। मुख्तारनामा खास के शुल्क पर 120 के स्थान पर 250 रुपये व्यय करना होगा।
बुधवार को तहसील पहुंचने वाले अधिकांश लोग अचानक बढ़े रजिस्ट्री फीस के चलते बिना बैनामा करवाए लौटने को मजबूर रहे।