बहराइच के केडीसी में मॉकडि्रल करते एनडीआरएफ के जवान।
बहराइच। भूकंप और अग्निकांड जैसी आपदाओं के दौरान राहत एवं बचाव व्यवस्था परखने के लिए शुक्रवार को जिले में तीन स्थानों पर मॉक एक्सरसाइज हुई। किसान पीजी कॉलेज (केडीसी) में जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अभ्यास में भूकंप के बाद कॉलेज भवन की दूसरी मंजिल में आग लगने और लोगों के फंसने की स्थिति बनाई गई। सूचना पर जिला कंट्रोल रूम से अधिकारियों व टीमों को अलर्ट किया गया। आईआरएस के तहत एडीएम अरुण कुमार को इंसिडेंट कमांडर बनाया गया।
उनके निर्देश पर एनडीआरएफ व अग्निशमन दल ने फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। मेडिकल टीम ने घायलों को प्राथमिक उपचार दिया और गंभीर घायलों को एंबुलेंस से सीएचसी भेजा। विद्यार्थियों को भूकंप के दौरान संयम बरतने, सुरक्षित स्थान पर जाने व बचाव के तरीके बताए गए। कॉलेज प्रबंध समिति के सचिव मेजर डॉ. एसपी सिंह, प्राचार्य प्रो. विनय सक्सेना, ओएस राजवंत सिंह, एनसीसी के डॉ. सीडी सिंह बिसेन, एनएसएस के पंकज सिंह समेत छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
पयागपुर में पंडित अशोक मिश्रा स्मारक महाविद्यालय में भूकंप के बाद संभावित अग्निकांड से बचाव की मॉकड्रिल हुई। एसडीएम संजय कुमार पांडेय, तहसीलदार अंबिका चौधरी, एसडीआरएफ, पुलिस व अग्निशमन विभाग की टीमों ने सुरक्षित निकासी, आग बुझाने और प्राथमिक उपचार का अभ्यास कराया। बीडीओ आशुतोष कुमार श्रीवास्तव, पूर्ति निरीक्षक महेश कुमार व थानाध्यक्ष दीपक सिंह मौजूद रहे।
नानपारा में सहकारी चीनी मिल परिसर में रासायनिक अग्निकांड से बचाव की राज्य स्तरीय मॉकड्रिल हुई। एसडीएम प्रकाश सिंह के नेतृत्व में तहसील प्रशासन, एसएसबी व अग्निशमन विभाग की टीम ने फायर टेंडर और आधुनिक उपकरणों से आग पर काबू पाने का प्रदर्शन किया। कर्मचारियों को सुरक्षित निकासी, प्राथमिक उपचार और आपसी समन्वय की जानकारी दी गई।