बहराइच। गर्भवती महिलाओं में टीबी की समय से पहचान और उपचार के लिए स्वास्थ्य विभाग ने नई पहल शुरू की है। अब प्रसव पूर्व जांच के लिए सीएचसी पहुंचने वाली गर्भवती महिलाओं की टीबी की भी स्क्रीनिंग की जाएगी। लक्षण मिलने पर जांच कराकर समय से उपचार शुरू कराया जाएगा। जिले के बलहा और हुजूरपुर ब्लॉक में शुक्रवार से पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर अभियान शुरू किया गया।
स्वास्थ्य विभाग और एक एनजीओ के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम में सीएमओ डॉ. संजय कुमार शर्मा ने बताया कि गर्भवती महिलाओं में टीबी की समय से पहचान कर तत्काल उपचार सुनिश्चित करना अभियान का मुख्य उद्देश्य है। सीएचसी में प्रसव पूर्व जांच के दौरान महिलाओं की टीबी के संभावित लक्षणों के लिए स्क्रीनिंग की जाएगी। लक्षण मिलने पर संबंधित महिला का उपचार शुरू कराया जाएगा और आवश्यकता होने पर उच्च स्वास्थ्य केंद्र रेफर किया जाएगा।
सीएमओ ने बताया कि अभियान के लिए स्वास्थ्य कर्मियों को टीबी की स्क्रीनिंग, जांच, उपचार और रिकॉर्डिंग का विशेष प्रशिक्षण दिया गया है। कार्यक्रम में जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. एमएल वर्मा, डीएचईआईओ बृजेश सिंह समेत स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।