बहराइच। शहर के सिविल लाइंस स्थित होटल अवध कैलाश के कमरे में फंदे से लटके मिले युगल के रिश्ते की परतें खुलने लगी हैं। पुलिस के अनुसार मृतक रिंकू (27) श्रावस्ती जिले के मल्हीपुर थाना क्षेत्र के हसनपुर कथरा माफी का निवासी था। वहीं महिला की पहचान गौतमबुद्धनगर के दनकौर-मुछखेड़ा निवासी पिंकी शर्मा (46) पत्नी विजय शर्मा के रूप में हुई है। विजय शर्मा का दावा है कि रिंकू ने अगस्त में उनके घर के सामने किराये पर कमरा लिया था। वह घर आने-जाने लगा तो पिंकी ने उसे मुंह बोला भाई बताया। रक्षाबंधन पर पति की मौजूदगी में पिंकी ने रिंकू को राखी भी बांधी थी।
पिंकी के पति विजय शर्मा शुक्रवार को बहराइच पहुंचे। उन्होंने बताया कि उनके दो बच्चे 10 वर्षीय बेटी परी और पांच वर्षीय बेटा जीवांश हैं। विजय के मुताबिक उन्होंने कई बार रिंकू के घर में ज्यादा आने-जाने पर आपत्ति जताई, लेकिन मुंह बोला भाई होने की बात पर उन्होंने ज्यादा ध्यान नहीं दिया। विजय ने बताया कि नोएडा सेक्टर-22 में उनकी मिठाई की दुकान है और वह कैटरिंग का काम भी करते हैं। वह रोज सुबह करीब सात बजे घर से निकलते और रात करीब 10 बजे लौटते थे।
14 सितंबर को बच्चों को रुपये देकर निकला रिंकू
विजय के मुताबिक 14 सितंबर की शाम रिंकू उनके घर आया था। उसने बच्चों परी और जीवांश को 200 रुपये देकर मोमोज लाने के लिए भेजा। रिंकू बच्चों के घर से निकलते ही पिंकी को लेकर चला गया। बच्चे वापस लौटे तो दोनों घर पर नहीं थे। देर रात तक पिंकी के नहीं लौटने पर विजय को जानकारी हुई। उन्होंने पत्नी को फोन किया तो मोबाइल स्विच ऑफ मिला। विजय का कहना है कि बेटी परी ने बताया था कि शाम करीब 6:11 बजे से मां का मोबाइल बंद आ रहा था। उन्होंने बताया कि पिंकी घर से निकलते समय करीब एक लाख रुपये नकद और जेवर समेत करीब तीन लाख रुपये की संपत्ति साथ ले गई थी।
रिंकू ने फोन पर किया था साथ होने से इन्कार, बाद में मांगे 80 हजार
विजय ने बताया कि पिंकी की काफी तलाश करने के बाद उन्होंने रिंकू को फोन किया। रिंकू ने फोन उठाया लेकिन पिंकी के साथ होने से इन्कार किया। विजय का दावा है कि 30 सितंबर को रिंकू ने फोन कर पिंकी के साथ होने की बात स्वीकार की और कहा कि 80 हजार रुपये देने पर वह पिंकी को वापस भेज देगा। इसके बाद उसने पिंकी से भी बात कराई। पिंकी ने भी 80 हजार रुपये रिंकू के खाते में भेजने की बात कही। इसके बाद दोनों के मोबाइल बंद हो गए।
14 से 22 सितंबर तक कहां रहे, पुलिस तलाश रही जवाब
विजय के मुताबिक पिंकी और रिंकू 14 सितंबर की शाम नोएडा से निकले थे, जबकि दोनों ने बहराइच के अवध कैलाश होटल में 22 सितंबर को कमरा लिया। ऐसे में दोनों के 14 से 22 सितंबर तक आठ दिन कहां रहे इसका पता अभी नहीं चल सका है। पुलिस इस अवधि की जानकारी जुटाने के लिए होटल रिकॉर्ड, मोबाइल और अन्य बिंदुओं की जांच कर रही है।
रिंकू की 11 जुलाई को हुई थी शादी
रिंकू के पिता पतिराम यादव परिवार के साथ बहराइच पहुंचे। उसके चचेरे भाई राम प्रगट यादव ने बताया कि रिंकू नोएडा में ठेके पर लाइनमैन का काम करता था। इसी साल 11 जुलाई को उसकी शादी हुई थी। शादी के बाद दुल्हन की विदाई नहीं हुई थी। वह एक अगस्त को नोएडा चला गया था। नोएडा पहुंचने के बाद फोन कर परिवार को अपने पहुंचने की जानकारी दी थी। इसके बाद उससे परिवार की कोई बातचीत नहीं हुई। बृहस्पतिवार को पुलिस ने गांव के प्रधान को रिंकू का शव होटल में मिलने की सूचना दी, तब परिवार को घटना की जानकारी हुई। परिवार के लोगों का कहना है कि रिंकू के साथ मिली महिला के बारे में उन्हें कोई जानकारी नहीं थी और उसने कभी इस बारे में नहीं बताया था।
मौत से एक दिन पहले कमरे में बनाई थी रील
पड़ताल के दौरान रिंकू के इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक रील मिली है, जो मौत से एक दिन पहले की बताई जा रही है। रील उसी होटल के कमरे की बताई जा रही है, जहां दोनों के शव मिले। इसमें रिंकू और पिंकी हरियाणवी गाने पर एक-दूसरे के साथ नजर आ रहे हैं। पुलिस रील और मोबाइल में उपलब्ध अन्य सामग्री की भी जांच कर रही है।
कमरे में नहीं मिला सुसाइड नोट
पुलिस अधीक्षक विश्वजीत श्रीवास्तव ने बताया कि होटल के कमरे की जांच के दौरान कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। इससे दोनों की मौत के कारण का पता अभी नहीं चल सका है। परिवार के लोगों ने भी दोनों के रिश्ते के बारे में जानकारी होने से इन्कार किया है। पुलिस होटल के रिकॉर्ड खंगालने के साथ ही मोबाइल और अन्य पहलुओं की जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही मौत की वजह स्पष्ट हो सकेगी।