श्याम भक्तों ने रविवार को राणी सती मंदिर से निशान यात्रा निकाली। श्याम भजनों पर झूमते हुए विभिन्न मार्गों से मंदिर लौटने पर श्याम भक्तों ने निशान खाटू श्याम बाबा को अर्पित कर सुख समृद्धि की कामना की। नानपारा और रुपईडीहा में भी भव्य निशानयात्रा निकाली गई। जगह-जगह यात्रा का स्वागत हुआ।
रेलवे स्टेशन स्थित राणी सती मंदिर में रविवार सुबह पांच बजे से ही श्रद्धालु मंदिर परिसर में ज्योति पूजन के लिए एकत्रित होने लगे। श्याम भक्तों ने मंदिर से गाजे-बाजे के साथ निशान यात्रा निकाली। यह निशान यात्रा मंदिर से निकलकर अग्रसेन चौक होते हुए शहर के मुख्य मार्गों से गुजरते हुए दोबारा मंदिर परिसर पहुंचकर समाप्त हुई।
यात्रा के आगे-आगे भजन गायकों की टोली चल रही थी। भजन गायकों ने जब गाया कि राधेश्याम तेरी शरण में आ गयो और दीनानाथ मेरी बात छुपी नहीं है तेरे से तथा ऐसी मस्ती कहां मिलेगी श्यामनाम रस पी ले। इन भजनों पर शोभायात्रा में शामिल लोग झूम उठे। महिलाओं और पुरुष श्रद्धालुओं ने बीच-बीच में श्याम के जयकारे लगाए।
मंदिर में पूजन-अर्चन के साथ निशान श्याम प्रभु व हनुमान जी की उपासना की गई। फूलों से सजाई गई श्याम बाबा की झांकी आकर्षण का चुराती रही। मंदिर समिति के अध्यक्ष विमल टेकड़ीवाल ने बताया कि निशान यात्रा के दौरान विमल टेकड़ीवाल, संदीप टेकड़ीवाल, अनिल टेकड़ीवाल, शिवमंगल मिश्र समेत काफी संख्य में श्याम भक्त मौजूद रहे।