जिले की बैंक शाखाओं में कैश की किल्लत फिर उत्पन्न होने लगी है। मंगलवार सुबह गजाधरपुर स्थित इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक व कुंडासर स्थित इलाहाबाद बैंक शाखा में पैसा निकालने पहुंचे ग्राहकों को नो कैश का बोर्ड लगा मिला। इस पर नाराज भीड़ ने प्रदर्शन शुरू कर दिया लखनऊ-बहराइच मार्ग पर उतर जाम लगा दिया।
इससे ढाई घंटे तक आवागमन ठप रहा। तहसील दिवस जा रहे डीएम को लौटना पड़ा। डीएम ने एलडीएम को जांच कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। प्रदर्शन के चलते आवागमन ठप होने से यात्रियों को काफी परेशानी हुई।
पांच सौ व हजार के नोट बंद होने दो माह बाद भी जिले की बैंकों में पर्याप्त कैश की व्यवस्था नहीं हो पा रही है। मंगलवार सुबह लखनऊ-बहराइच मार्ग पर फखरपुर स्थित गजाधरपुर इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक और कुंडासर स्थित इलाहाबाद बैंक में ग्राहक कैश निकलने को जमा हुए।
सुबह आठ बजे से बैंक खुलने का इंतजार कर रहे ग्राहकों को 10 बजे पहुंचे बैंक मैनेजर ने कैश नहीं होने की बात कहकर किनारा कस लिया। इस पर उपभोक्ताओं व बैंक कर्मियों में झड़प हुई। सुबह साढ़े दस बजे गजाधरपुर बैंक पहुंचे ग्राहक नाराज होकर लखनऊ-बहराइच मार्ग पर जा पहुंचे और प्रदर्शन शुरू कर दिया।
आधे घंटे बाद इलाहाबाद बैंक कुंडासर के उपभोक्ताओं ने भी लखनऊ-बहराइच मार्ग जाम कर आवागमन ठप कर दिया। गजाधरपुर पहुंचे फखरपुर थानाध्यक्ष ने किसी तरह एक घंटे बाद लोगों को समझाकर शांत किया। कुंडासर में लोग काफी आक्रोशित थे। उनके जाम में जिलाधिकारी अभय की गाड़ी भी फंस गई।
करीब चार किलोमीटर लंबा जाम देख डीएम वापस लौट गए। इसके बाद पहुंची पुलिस और बैंक अधिकारियों ने किसी तरह प्रदर्शनकारियों को समझाकर शांत किया। जाम-प्रदर्शन के चलते ढाई घंटे तक आवागमन ठप रहा। डीएम ने बैंक में कैश नहीं होने के मामले में लीड बैंक प्रबंधक श्रवण कुमार को जांच कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।