बहराइच। पंचायत चुनाव के लिए तैयार की गई मतदाता सूची में बड़े पैमाने पर खामियां उजागर हुई हैं। पयागपुर और विशेश्वरगंज विकास खंड में 136 मतदाताओं के नाम ऐसे हैं जो काफी पहले दुनिया से अलविदा हो चुके हैं।
इसके अलावा 101 मतदाता ऐसे हैं, जिनका नाम दो बार दर्ज हुआ है। कई नाबालिग के नाम भी मतदाता सूची में शामिल हैं। इन खामियों के चलते पंचायत चुनाव पारदर्शितापूर्ण हो सकेंगे, इस पर अब सवाल उठ रहे हैं।
ग्राम पंचायतों में मतदाता सूची पुनरीक्षण का कार्य लगभग पूरा हो चुका है लेकिन जो सूची तैयार हुई है, उसमें खामियां ही खामियां नजर आ रही हैं।
बात करते हैं विकासखंड पयागपुर के ग्राम पंचायत शिवदहा की। यह ग्राम पंचायत पयागपुर की सबसे बड़ी ग्रामसभा है। चार हजार से अधिक मतदाता हैं।
निर्वाचन सूची को दुरुस्त करने के लिए यहां चार बीएलओ की ड्यूटी लगाई गई थी। पुनरीक्षण और सर्वेक्षण के दौरान बड़े पैमाने पर ग्रामीणों ने खामियां देखकर नाम को दुरुस्त करने के लिए प्रार्थना पत्र दिया।
लेकिन, हीलाहवाली इस कदर बरती गई कि अभी भी मतदाता सूची में 98 मृतकों के नाम दर्ज हैं। मतदाता क्रमांक संख्या 2117, 2238, 2598, 2738, 2739, 2801, 2858, 2886, 2897, 2959 समेत 98 क्रमांक ऐसे हैं, जिनकी मौत दो से चार वर्ष पहले हो चुकी है लेकिन उनके नाम मतदाता सूची से नहीं हटाए गए हैं।
इतना ही नहीं, यहां 70 मतदाताओं के नाम दो-दो बार अंकित किए गए हैं। लगभग 22 नाबालिग के नाम दर्ज हैं। 27 ऐसी महिलाओं के नाम दर्ज हैं, जिनका विवाह हो चुका है। वह ससुराल में रह रही हैं।
शिवदहा की ग्राम प्रधान पूनम सिंह ने बताया कि निर्वाचन सूची में फर्जीवाड़े के मामले में सभी बीएलओ को अवगत करा दिया गया था। बीएलओ दुर्गा प्रसाद चौधरी ने 246 लोगों के नाम सूची से विलोपन के लिए तहसील में रिसीव भी करवाया लेकिन नाम हटाए नहीं गए।
उधर, विकासखंड विशेश्वरगंज के मुंडेरवा सरहदी ग्राम पंचायत में भी इसी तर्ज पर खेल खेला गया है। इस ग्राम पंचायत में 1920 मकान हैं। आबादी 2072 है।
यहां जो निर्वाचन सूची पुनरीक्षण और सर्वेक्षण के बाद तैयार हुई है, उसमें वार्ड नंबर एक से नौ व 13 में 38 ऐसे नाम दर्ज हैं, जिनकी मौत तीन वर्ष पूर्व हो चुकी है। जबकि 31 लोगों के नाम दो-दो बार अंकित हैं।
25 ऐसी महिलाएं शामिल हैं, जिनका विवाह तीन से पांच वर्ष पूर्व हो चुका है। यहां भी सात नाबालिगों के नाम वार्ड नंबर तीन, सात, आठ व नौ में दर्ज हैं।
146 नाम हैं फर्जी
ग्राम पंचायत शिवदहा में लगभग 50 ऐसे ग्रामीणों के नाम दर्ज हैं जो पूरी तरह फर्जी हैं। जो नाम दर्ज हैं, उस नाम के व्यक्ति गांव में रहते ही नहीं हैं। इसी तरह ग्राम पंचायत मुंडेरवा सरहदी में 96 फर्जी मतदाताओं के नाम सूची में दर्ज हैं।
एडीएम और एसडीएम से हुई शिकायत
ग्राम पंचायत शिवदहा के निर्वाचन सूची में हुए फर्जीवाड़े की शिकायत अपर जिलाधिकारी विद्याशंकर सिंह से की गई है। वहीं, मुुंडेरवा सरहदी के फर्जीवाड़े की शिकायत उपजिलाधिकारी सदर बच्चेलाल से की गई है। दोनों अधिकारियों ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए तीन दिन में जांच कराकर कार्रवाई करने का निर्देश दिया है।
शिकायतकर्ता को धमकी
शिवदहा के क्षेत्र पंचायत सदस्य अशोक कुमार ने जब फर्जीवाड़े की शिकायत एडीएम से की तो जिन लोगों ने खेल करके बीएलओ को अंधेरे में रख मृतकों, नाबालिग समेत दूसरे गांव में रहने वाले लोगों के नाम दर्ज कराए थे, उन सभी ने क्षेत्र पंचायत सदस्य के घर पहुंचकर गांव से उजाड़ने की धमकी दी है।
ग्राम पंचायत गुलरा मदारगढ़ी में भी हुआ खेल
बहराइच। नानपारा तहसील क्षेत्र में स्थित गुलरा मदारगढ़ी की जो मतदाता सूची तैयार हुई है, उसमें भी बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़े का खेल खेला गया है।
मतदाता सूची में लगभग 22 मृतकों के नाम दर्ज हैं जबकि 47 बाहरी व्यक्तियों के नाम शामिल किए गए हैं। 13 नाबालिगों के नाम का खुलासा हुआ है।
इस मामले में गांव निवासी इबादुर्रहमान ने अपर जिलाधिकारी विद्याशंकर सिंह से शिकायत की है। उन्होंने ग्राम पंचायत के बीएलओ पर एक सुपरवाइजर के दबाव में फर्जी मतदाताओं का नाम बढ़ाने का खुलासा किया है। इस मामले में एडीएम ने जांच शुरू करवाई है।