बौंडी (बहराइच)। समदा गांव में स्वास्थ्य विभाग ने लाखों रुपये की लागत से उप स्वास्थ्य केंद्र का निर्माण कराकर एएनएम व कर्मचारियों की तैनाती की। इसके बाद भी केंद्र पर ताला लगा रहता है। इसका कारण कर्मचारियों का स्वास्थ्य केंद्र पर नहीं आना है। इससे क्षेत्र की महिलाओं को प्रसव के लिए 16 किमी दूर सीएचसी जाना पड़ता है। ग्रामीणों ने सीएमओ को पत्र भेजकर केंद्र को संचालित कराने की मांग की है।
फखरपुर विकास खंड अंतर्गत ग्राम पंचायत समदा में लाखों रुपये से उप स्वास्थ्य केंद्र का निर्माण कराया गया था। सेंटर में एएनएम व अन्य स्वास्थ्य कर्मियों की तैनाती हुई। इससे लोगों में बेहतर स्वास्थ्य की आस जगी, लेकिन यहां पर तैनात कर्मचारी केंद्र पर नहीं जाते हैं। इससे उप स्वास्थ्य केंद्र पर ताला लगा हुआ है। इलाज के लिए जाने वाले मरीज वापस लौट जाते हैं। गांव निवासी योगेश कुमार, शिवकुमार, मैकू लाल, राममूरत, कैलाश, भगवती प्रसाद, अवधेश कुमार, प्रेम नारायण आदि का कहना है कि केंद्र पर तैनात एएनएम देववंती चौहान कभी आती ही नहीं हैं। वह गांव में ग्रामीणों के घर टीकाकरण शिविर लगाकर वापस चली जाती हैं। वहीं प्रसव के लिए जाने वाली महिलाओं को 16 किलोमीटर दूर सीएचसी जाना पड़ता है। ग्रामीणों ने मुख्य चिकित्साधिकारी को पत्र भेजकर उप स्वास्थ्य केंद्र को संचालित कराने की मांग की है। वहीं अनुपस्थित कर्मचारियों के विरुद्ध जांच कर कार्रवाई की मांग की है। इस मामले में सीएचसी के अधीक्षक डॉ. प्रत्यूष सिंह का कहना है कि मामला संज्ञान में आया है। जांच के दौरान कोई अनुपस्थित पाया गया तो उसके विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।