नेपाल के पहाड़ों पर दो दिन से हो रही बारिश के चलते सरयू और घाघरा नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। नेपाल ने पांच लाख क्यूसेक पानी छोड़ने की चेतावनी दी है। ऐसे में बुधवार भोर तक नेपाल का पानी आने से बलहा और शिवपुर के 34 गांवों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है।
इन गांवों के लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने के निर्देश दिए गए हैं। इससे ग्रामीणों में हड़कंप मचा है। बारिश में नेपाल का पानी बहराइच जिले में हर साल काफी नुकसान पहुंचाता है। तराई के साथ नेपाल के पहाड़ों पर दो दिन से वर्षा हो रही है।
इसके चलते नेपाल से भारत में आने वाले सरयू, कौड़ियाला, भादा और गेरुआ नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। गेरुआ और कौड़ियाला नदियां मिलकर घाघरा का स्वरूप लेती हैं। वहीं भादा सरयू के रूप में भारतीय क्षेत्र में बहती है।
नानपारा में स्थित अर्ली वार्निंग नेटवर्क संयंत्र ने आगामी 24 घंटे में भारतीय क्षेत्र में बाढ़ की चेतावनी दी है। सिस्टम कार्यालय के अधिकारी कमल कुमार ने बताया कि नेपाल के अधिकारियों से वार्ता की गई है। नेपाल से पांच लाख क्यूसेक से अधिक पानी छोड़ा जा रहा है।
इसके चलते सरयू नदी का जलस्तर देर रात तक तेजी से बढ़ेगा। ऐसे में शिवपुर ब्लॉक 24 और बलहा ब्लॉक के 10 गांव बाढ़ की चपेट में आ जाएंगे। कर्मचारियों को उक्त गांव के निवासियों को सतर्क करने के लिए भेजा गया है।
नेपाल से छोड़े गए पानी के गोपिया बैराज पहुंचने से पहले ग्रामीणों को सुरक्षित स्थानों की ओर निकलना होगा जिससे जन, धन की हानि से बचाया जा सके।