नानपारा (बहराइच)। कोतवाली क्षेत्र के भग्गड़वा गांव में रविवार की भोर बारावफात जुलूस के दौरान हुए हृदयविदारक हादसे के बाद पूरे गांव में मातम पसर गया। भग्गड़वा गांव के कब्रिस्तान में एक साथ पांच कब्रें खोदी गईं, जिसे देखकर हर किसी का दिल दहल उठा। ग्रामीणों ने बताया कि उन्हें याद नहीं है कि गांव में आखिरी बार कब एक साथ इतनी कब्रें खोदी गई थीं। लोगों ने बताया कि एक और दो मौतें तो हुई हैं, लेकिन एक साथ गांव में पांच लोगों की मौत का मंजर भयावह है। सभी मृतकों के लिए मस्जिद में नमाज पढ़ी गई और फिर शवों को गमगीन माहौल में कब्र में दफन कर दिया गया। वहीं हादसे में शामिल श्रावस्ती के मृत बच्चे का शव उसके परिजन अपने गांव चौरीकुटिया ले गए और वहां पर दफन कर दिया।
नानपारा कोतवाली क्षेत्र के भग्गड़वा गांव में शनिवार की रात बारावफात का जुलूस निकाला गया था। इस दौरान हुए हादसे में चार बच्चों सुफियान (12) पुत्र वसीम निवासी भग्गड़वा-मासूपुर, मोहम्मद इलियास(16) पुत्र नफीस निवासी भग्गड़वा, सफीक (12) पुत्र इदरीश निवासी चौरीकुटिया जनपद श्रावस्ती, अशफाक (10) पुत्र इबारक निवासी भग्गड़वा-मासूपुर और अशरफ (30) पुत्र अब्बास अली निवासी भग्गड़वा ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। वहीं करंट लगने से झुलसे तबरेज (17) पुत्र इस्माइल निवासी भग्गड़वा ने लखनऊ ले जाते समय रास्ते में दम तोड़ दिया। उधर, मुराद (18) पुत्र छम्मा, चांद बाबू (18) पुत्र बेचन निवासी भग्गड़वा को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नानपारा में भर्ती करवाया गया। जहां हालत गंभीर होने पर मुराद को जिला चिकित्सालय बहराइच रेफर किया गया। जहां से उसे ट्रॉमा सेंटर लखनऊ रेफर कर दिया। हादसे के बाद से गांव में हर ओर चीत्कार मची हुई है। गांव में एक ही दिन हुईं पांच मौतों से पूरा गांव दहल उठा।
परिजनों ने पोस्टमार्टम करवाने से किया इन्कार
घटना के बाद मौके पर भारी मात्रा में पुलिस फोर्स तैनात है। घटना की जानकारी होते ही जिलाधिकारी डॉ. दिनेश चंद्र, एसपी केशव कुमार चौधरी, एएसपी ग्रामीण अशोक कुमार, एसडीएम अजीत परेश, सीओ नानपारा केपी सिंह भारी पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। सभी ने मृतकों के परिजनों से बातचीत की और शोक संतृप्त परिजनों को ढांढस बंधवाया। वहीं इस दौरान मृतकों के परिजनों ने शवों का पोस्टमार्टम करवाने से इंकार कर दिया। परिजनों ने कहा कि, आकस्मिक घटना होनी थी, अब पोस्टमार्टम करवाने का कोई फायदा नहीं है। जिसके बाद नानपारा कोतवाल शमशेर बहादुर सिंह ने शवों का पंचनामा भरकर शव परिजनों को सुपुर्द कर दिया।
मुख्यमंत्री ने जताया दुख
नानपारा कोतवाली के भग्गड़वा गांव में हुई घटना को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी शोक व्यक्त किया है। उन्होंने छह लोगों की मौत पर दुख जताते हुए आला अधिकारियों को युद्ध स्तर पर बचाव कार्य करने और घायलों का समुचित इलाज करवाने को निर्देशित किया है।
बारावफात का जुलूस रात में दो बजे समाप्त हो गया था और सभी अपने घरों में चले गए थे। इसी दौरान कुछ लड़के ठेला लेकर पास के गांव की ओर जा रहे थे। इसी दौरान ठेले पर लगी पाइप मार्ग से गुजरी हाईटेंशन लाइन को छू गई। इस दौरान एक-दूसरे को बचाने के चक्कर में आठ लोग झुलस गए, जिसमें छह लोगों का मौत हो गई है। परिजनों ने पोस्टमार्टम से इन्कार कर दिया है। मौके पर पुलिस बल तैनात है। अन्य विधिक कार्यवाही पूरी करवाई जा रही है। -केशव कुमार चौधरी, एसपी