बहराइच। तराई में मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है। शुक्रवार को सुबह से बादल छाए रहे, तेज हवा चली और दोपहर करीब एक बजे हल्की बूंदाबांदी भी हुई। करीब आधे घंटे बाद बारिश तो थम गई, लेकिन बादल बने रहने से किसानों की चिंता बढ़ गई है।
बृहस्पतिवार तक तेज धूप और गर्मी का असर था, लेकिन शुक्रवार को अचानक बदले मौसम के मिजाज से तापमान में गिरावट दर्ज की गई। अधिकतम तापमान 34 डिग्री और न्यूनतम 20 डिग्री सेल्सियस रहा। इस बदलाव का सीधा असर गेहूं और अन्य तैयार फसलों पर पड़ने की आशंका जताई जा रही है।
पयागपुर के खुटेहना निवासी किसान रामलाल यादव ने बताया कि गेहूं की फसल अब कटाई के लिए तैयार है। ऐसे में अगर बारिश और तेज हवा जारी रही, तो फसल गिर सकती है।
किसान महेंद्र वर्मा ने कहा कि मौसम का कोई भरोसा नहीं रह गया है। अभी कल तक धूप थी, अब अचानक बूंदाबांदी शुरू हो गई। अगर इसी तरह मौसम रहा तो हमारी मेहनत पर पानी फिर सकता है।
मौसमविद डॉ. पीएल त्रिपाठी के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ के कारण यह बदलाव देखा जा रहा है। उन्होंने बताया कि शनिवार तक मौसम ऐसा ही बना रह सकता है, जबकि रविवार से सुधार की उम्मीद है।
किसानों के लिए सलाह
कृषि वैज्ञानिक डॉ. एसबी सिंह ने बताया कि थोड़ी सी सतर्कता से किसान अपनी फसल को बड़े नुकसान से बचा सकते हैं। किसानों को सजग रहकर फसलों की कटाई और मड़ाई करनी होगी।