बहराइच। जिले में भी तेजी से आई फ्लू फैल रहा है। एक ही परिवार के कई-कई व्यक्ति संक्रमण की चपेट में आ रहे हैं। इससे आई ड्रॉप की मांग जिले में तेजी से बढ़ी है। जिसका असर है, कि मेडिकल स्टोरों पर आई ड्राॅप आसानी से नहीं मिल पा रही हैं। वहीं संक्रमण पीड़ित लोग मुनाफाखोरी के चक्कर में आई ड्राॅप की डंपिंग का आरोप लगा रहे हैं। हालांकि केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन दवा उपलब्ध होने का दावा कर रहा है। वहीं आई फ्लू ने 50 से 100 रुपये तक मिलने वाले काले चश्मे के दाम को भी 50 रुपए तक बढ़ा दिया है।
आंखों में इन्फेक्शन के समय इस्तेमाल होने वाली सबसे सस्ती 17 से 22 रुपये वाली आई ड्राॅप सिपलाॅक्स मेडिकल स्टोरों से गायब होने लगी है। यह समस्या तब है जब जिले में कंजक्टिवाइटिस का प्रकोप तेजी से बढ़ा है। जिससे इस दवा की मांग अधिक बढ़ी है। शहर निवासी विक्की पाठक, अजीम बेग, मोहम्मद आशिक, फुरकान आदि ने बताया कि वे शनिवार को कई मेडिकल स्टोर पर सिपलाॅक्स आई ड्रॉप लेने गए, लेकिन नहीं मिली।
इस पर उन्होंने दूसरी आई ड्रॉप खरीदी। वहीं भरोसेमंद मेडिकल स्टोर संचालकों का कहना है कि सिपलाॅक्स आई ड्राॅप की मांग अधिक बढ़ी है। जिससे दवा का शार्टेज हो गया है।
बच्चों को काला चश्मा लगाकर स्कूल आने के निर्देश
बड़ों की अपेक्षा बच्चे ज्यादा आई फ्लू की चपेट में आ रहे हैं। स्कूलों में छुट्टी न होने से बच्चों को स्कूल जाना पड़ रहा है। इस पर विद्यालय के प्रधानाचार्यों व शिक्षकों की ओर से बच्चों को काला चश्मा पहनकर आने के लिए कहा जा रहा है। जिसके चलते तेजी से काले चश्मे की खरीद हो रही है।
काले चश्मे के भी बढ़े दाम
आई फ्लू संक्रमण बढ़ने की वजह से चश्मा दुकानदारों की बिक्री बढ़ी है। जिससे इन दुकानदारों ने काले चश्मे का रेट दो गुना तक कर दिया है। शनिवार को बाजार में चश्मा लेने गए कैसरगंज निवासी संजय ने बताया कि जो चश्मा 50 रुपये से 100 रुपये में आसानी से मिलता था। उसे दुकानदार 100 से 150 रुपये में बेच रहे हैं।
जिला कारागार में बंदियों को बांटा गया चश्मा
जिला कारागार में आई फ्लू ने दस्तक दे दी है और इसके फैलाव को रोकने के लिए शनिवार को जिला कारागार में कैंप का आयोजन किया गया। जिलाधिकारी के निर्देश पर सीएमओ के सहयोग से आयोजित नेत्र शिविर लगाया गया। इस दौरान कारागार में निरुद्ध बंदियों को चश्मा व दवा वितरित किया गया। इस अवसर पर जेल अधीक्षक राजेश यादव, जेलर आनंद कुमार शुक्ला, डॉ. प्रवीण कुमार पांडेय, डॉ.आसिफ खान, डिप्टी जेलर देवकांत वर्मा, शेषनाथ यादव, अनीता सक्सेना, माधुरी तिवारी, पुष्पेंद्र शुक्ला आदि मौजूद रहे।
संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आने से बचें
जिला शिक्षा स्वास्थ्य एवं सूचना अधिकारी बृजेश सिंह ने बताया कि संक्रमित व्यक्ति की आंखों से निकलने वाले आंसुओं के संपर्क में आने से संक्रमण बढ़ जाता है। संक्रमित व्यक्ति के खांसी के दौरान छींकने से भी संक्रमण फैल सकता है। संक्रमण से बचने के लिए अपने हाथों को साफ रखें। आंखों को बार-बार न छुएं। आंखों को समय-समय पर धोएं। पीड़ित व्यक्ति से आई कांटेक्ट बनाने से बचें। संक्रमित व्यक्ति के बेड, तौ