सेट्ठी फाॅर्म रमपुरवा में खेत में विचरण करता हाथी।
बिछिया। कतर्नियाघाट वन्यजीव प्रभाग से सटे सेठ्ठी फार्म रमपुरवा में मंगलवार रात एक टस्कर (दांत वाला हाथी) ने आठ किसानों की 10 बीघा से अधिक धान की फसल रौंदकर भारी नुकसान पहुंचाया। करीब दो घंटे तक खेत में डटे हाथी को ग्रामीणों ने मोटरसाइकिल के हॉर्न और शोर-शराबे से किसी तरह जंगल की ओर खदेड़ा। रात करीब 10 बजे हाथी खेतों में घुस आया और फसल चौपट कर दी। किसानों का कहना है कि हर साल हाथियों से नुकसान होता है, पर इस बार क्षति अधिक है।
सूचना पर निशानगाड़ा वन क्षेत्राधिकारी शिवकुमार, वन विभाग और नेचर एन्वायरमेंट एंड वाइल्डलाइफ संस्था के गजमित्र मौके पर पहुंचे। टीम ने ग्रामीणों को मेगाफोन से हाथियों से बचाव के उपाय बताए, जिसमें रात में खेतों में अकेले न जाने की सलाह थी। वन विभाग ने प्रभावित फसलों का सर्वे कराकर नियमानुसार मुआवजा दिलाने का आश्वासन दिया, साथ ही गजमित्रों के सहयोग से रात्रि गश्त बढ़ाने की बात कही।