भाजपा और बसपा नेताओं की ओर से महिलाओं पर आपत्तिजनक टिप्पणी का मामला प्रदेश में ठंडा भी नहीं पड़ा था कि बुधवार को सपा नेताओं पर महिलाओं ने अभद्रता का आरोप लगाया है।
एसपी से की शिकायत में महिलाओं ने कहा है कि भूमि पर कब्जा करने पहुंचे सपा नेता व जिला पंचायत सदस्य तथा एमएलसी पुत्र ने विरोध करने पर उनके साथ अभद्रता की और कपड़े फाड़ डाले। एसओ से शिकायत के बाद उन्होंने रिपोर्ट दर्ज करने के बजाए थाने से भगा दिया।
थाना रिसिया अंतर्गत ग्राम भगवानपुर कटघरा निवासी खादिम रसूल और हसमत अली के बीच भूमि विवाद चल रहा है। खादिम का कहना है कि विवाद के बाद उसने एडीएम कोर्ट पर वाद दायर किया था। सुनवाई नौ अगस्त को होनी है।
इसी बीच विपक्षी हसमत, नफीस, रईस आदि बुधवार को सपा नेता व जिला पंचायत सदस्य मेराज अहमद और विधान परिषद सदस्य हाजी इमलाक खां के पुत्र मुन्ना के साथ कई गाड़ियों से भूमि पर कब्जा करने पहुंच गए।
विरोध करने पर महिलाओं के कपड़े फाड़ दिए और सभी की पिटाई की। मौके पर कुछ पुलिस कर्मी भी मौजूद थे, लेकिन उन्होंने पीड़ित महिलाओं की मदद नहीं की। थाने जाने पर एसओ देवेंद्र सिंह ने वहां से भी महिलाओं की शिकायत न सुन उन्हें भगा दिया।
पीड़ित महिलाएं बुधवार की देर शाम एसपी सालिकराम वर्मा के सामने पहुंची और उनको प्रार्थना पत्र दिया। एसपी ने मामले का संज्ञान लेते हुए कार्रवाई की बात कही है।
मामले पर एमएलसी हाजी इमलाक खां ने कहा की कॉलेज में बहन का इलाज कराने आया हूं। पुत्र मुन्ना घर पर ही हैं। अगर कोई बात हुई है तो वापस आकर देखेंगे। उधर, एसपी सालिकराम वर्मा ने बताया कि महिलाओं की ओर से प्रार्थना पत्र दिया गया है। आरोपों की जांच कराई जा रही है। जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।