इकौना नगर पंचायत में संविदा चालक के पद पर तैनात युवक की सोमवार रात गला रेतकर हत्या कर दी गई। उसका क्षत-विक्षत शव पयागपुर में शिवशंकरपुरवा गांव के पास नहर पटरी पर मिला।
युवक अपने पिकप से शाम को इकौना चौराहे के लिए निकला था लेकिन गाड़ी का पता नहीं चल रहा है। इस कारण पुलिस, हत्या का कारण वाहन लूट को मान रही है। मृतक के भतीजे की तहरीर पर अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज कर पुलिस ने छानबीन शुरू की है। एएसपी ने भी फोरेंसिक टीम के साथ घटनास्थल का मुआयना किया है।
शिवशंकरपुरवा के पास नहर पटरी पर कुछ लोगों ने मंगलवार सुबह एक युवक का क्षत-विक्षत शव पड़ा देखा। उसका गला रेता हुआ था। ग्रामीणों की सूचना पर अपर पुलिस अधीक्षक दिनेश त्रिपाठी, सीओ रिसिया अकमल खान और थानाध्यक्ष संजय दूबे टीम के साथ मौके पर पहुंचे।
फोरेंसिक टीम को भी बुलाया गया। आसपास के लोगों को इकट्ठा किया गया तो मृतक की पहचान इकौना नगर पंचायत के संविदा चालक ननके (35) पुत्र राधेश्याम के रूप में हुई। इस पर उसके घर ग्राम सोनरई, इकौना को सूचना भेजी गई। मृतक का भतीजा मिथुन कुमार परिवार के साथ मौके पर पहुंचा।
उसने बताया कि सोमवार शाम से चाचा ननकू लापता थे। उसने बताया कि ननकू ने सोमवार शाम तक इकौना नगर पंचायत में ड्यूटी की। इसके बाद शाम को अपने सहयोगी कर्मचारियों को बताकर अपने पिकप से इकौना चौराहे के लिए निकल गए थे।
रात में घर नहीं लौटे तो मोबाइल पर संपर्क करने का प्रयास किया गया लेकिन मोबाइल स्विच ऑफ बताता रहा। पुलिस ने मिथुन की तहरीर पर अज्ञात के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
अपर पुलिस अधीक्षक दिनेश त्रिपाठी का कहना है कि मिथुन से पूछताछ में पता चला है कि संविदा चालक ननके अपना निजी पिकप भी किराये पर चलाता था, जो गायब है। हो सकता है कि वाहन लूट के इरादे से ननके की हत्या की गई हो। इसी को केंद्रबिंदु बनाकर जांच की जा रही है।
परिवार के लोगों से पूछताछ की गई है लेकिन किसी से रंजिश का पता नहीं चला है। फोरेंसिक टीम ने आवश्यक साक्ष्य जुटा लिए हैं। जांच के बाद हत्या के कारणों का सही तरीके से खुलासा हो सकेगा।
कहीं जमीन तो नहीं बनी वजह
सोनरई के ग्राम प्रधान रमेश मौर्या से जब बात की गई तो उन्होंने बताया कि ननके का विवाह नहीं हुआ था। वह परिवार में अकेले रहता था। बड़े भाई पहले ही बंटवारा करके अलग रह रहे हैं। ननके के पास जमीन भी अधिक थी। ऐसे में यह भी अनुमान लगाया जा रहा है कि कहीं ननके की जमीन हड़पने के लिए तो हत्या की वारदात को अंजाम नहीं दिया गया है।