पयागपुर (बहराइच)। पयागपुर रेलवे स्टेशन से कुछ दूरी पर मंगलवार सुबह एक अर्द्धनग्न युवती झाड़ियों में बदहवास पड़ी मिली। कराह सुनकर राहगीर मौके पर पहुंचे तो युवती का हाल देख सहम गए।
पुलिस मौके पर पहुंची तो वहां शराब की चार बोतलें और आपत्तिजनक वस्तुएं मिलीं। पुलिस ने युवती को सीएचसी में भर्ती करवाया।
वह इतनी सहमी हुई थी कि वह रह-रहकर चीख उठती थी कि बचाओ-बचाओ, छोड़ दो मुझे। इससे आसपास के लोगों ने युवती के साथ दुष्कर्म की आशंका जताई है।
वहीं, पुलिस की कार्यशैली सवालों के घेरे में है क्योंकि दोपहर में युवती की हालत में कुछ सुधार होने पर पुलिस ने उसे अकेले ही घर जाने के लिए छोड़ दिया। न केस दर्ज किया न मामले की तह तक जाने की जहमत उठाई।
मंगलवार सुबह आठ बजे के आसपास ट्रेन पकड़ने के लिए यात्री पयागपुर रेलवे स्टेशन पर जा रहे थे। इसी दौरान कुछ लोगों ने स्टेशन के पास की झाड़ियों में एक महिला के कराहने की आवाज सुनी।
लोग उस तरफ बढ़े तो हालात देखकर सन्न रह गए। एक युवती अर्द्धनग्न हालत में बदहवास पड़ी थी। लोगों ने तत्काल थाने पर सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने युवती को महिला सिपाही सरोज के साथ सीएचसी पहुंचाया।
यहां जब इलाज शुरू हुआ तो अर्द्धबेहोशी की हालत में भी युवती बचाओ-बचाओ, छोड़ दो, बदतमीजी मत करना... कहते हुए चीख रही थी। पुलिस ने पूछताछ की तो वह अपना नाम और पता भी नहीं बता पा रही थी।
युवती ने इतना कहा कि वह विशेश्वरगंज में ट्रेन पर सवार हुई थी। उसे बहराइच जाना था लेकिन पयागपुर में ट्रेन से कैसे उतरी नहीं बता पा रही थी।
उधर, पुलिस ने मौका-ए-वारदात की पड़ताल की तो झाड़ियों में शराब की चार शीशी और कुछ आपत्तिजनक सामान मिले, जिससे आशंका जताई जा रही है कि युवती के साथ रेप हुआ है।
नशे में थी युवती, जाना चाह रही थी घर
थानाध्यक्ष संजय सिंह का कहना है कि युवती नशे की हालत में थी, इसकी पुष्टि सीएचसी के डॉक्टरों ने की है। उन्होंने कहा कि हालत में सुधार होने के बाद उसने किसी भी प्रकार का केस न करने की बात कहते हुए घर जाने की इच्छा जताई, जिसके चलते उसे घर भेज दिया गया। युवती के साथ रेप के मामले में एसओ किनारा कस गए।