फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नौ ग्राम पंचायतों में पूरी हुई मतगणना, उम्मीदवारों के भाग्य का हुआ फैसला

विज्ञापन
विज्ञापन
बहराइच। जिले की नौ ग्राम पंचायतों में कराए गए चुनाव की मतगणना मंगलवार को गहमागहमी के बीच हुई। चुनाव में जीत का सेहरा बंधते ही विजयी उम्मीदवारों और समर्थकों में जश्न का माहौल दिखाई दिया। आठ ग्राम पंचायतों में प्रत्याशियों के निधन और महसी के बकैना में पुनर्मतदान कराया गया था। जीत के बाद सभी को निर्वाचन अधिकारियों द्वारा प्रमाण पत्र दिया गया।
विज्ञापन

जिले के आठ ग्राम पंचायतों में प्रधान प्रत्याशियों के निधन के बाद नौ मई को मतदान कराया गया था। वहीं महसी के एक बूथ पर पुनर्मतदान हुआ था। मंगलवार को सुबह आठ बजे से मतगणना शुरु हुई। गहमागहमी के बीच दोपहर तक मतगणना जारी रही। विकास खंड शिवपुर के ग्राम बरदहा कला से कोऑपरेटिव बैंक के चेयरमैन घनश्याम सिंह की बहू स्वप्निल सिंह ने 1190 मतों से जीत हासिल की। उनके प्रतिद्वंदी हरीराम को 1045 मत मिले थे। फखरपुर के ग्राम पंचायत ढकेरवा में रोचक मुकाबला हुआ। यहां जगदंबा प्रसाद को 238 मत मिले, जबकि उनके प्रतिद्वंद्वी ननकू को 236 मत ही हासिल हुए।
कैसरगंज के ग्राम पंचायत परसेंडी में रियाज अहमद ने 1258 मत पाकर जीत हासिल की। जबकि उनके प्रतिद्वंद्वी ताहिर अली को 1251 मत ही मिल सके। विकास खंड मिहींपुरवा के पुरैना रघुनाथपुर से जोगिंदर ने 1024 मत पाकर जीत हासिल की। उनके प्रतिद्वंद्वी सुनीता देवी को महज 659 मत ही मिल सके। ग्राम पंचायत मोतीपुर में 1432 मत पाकर प्रत्याशी अजय वर्मा विजय रहे। जबकि उनके सामने लड़ रही नूरजहां को 1355 मत ही मिले। विकास खंड चित्तौरा के बरई बिलासा में अतीकुर रहमान ने 341 मत पाकर जीत दर्ज की। उनके सामने लड़ रहे जीतेंद्र कुमार को 191 मत ही मिल सके। विकास खंड महसी के बकैना में महिला प्रत्याशी रीनू ने 565 मत पाकर जीत हासिल की। उनकी प्रतिद्वंद्वी सुशीला देवी को 322 मत ही मिले। विशेश्वरगंज के ग्राम पंचायत बसनेरा पूनम देवी ने 540 मत पाकर जीत दर्ज की। उनकी प्रतिद्वंद्वी मायावती को 431 मत ही मिले।
विज्ञापन

विकास खंड विशेश्वरगंज के ग्राम पंचायत पुरैना निवासी विपिन मिश्रा और उनके भाई पवन मिश्रा की कोरोना से 20 अप्रैल को मौत हो गई थी। वह ग्राम पंचायत के प्रधान पद के प्रत्याशी थे। दो सगे भाईयों की मौत ने पूरे इलाके को हिलाकर रख दिया। उनके पिता देवेश कुमार मिश्र ने चुनाव लड़ा। मंगलवार को हुई मतगणना में उनके पिता देवेश ने 853 मत पाकर जीत हासिल की। जबकि उनके सामने चुनाव लड़ रहे प्रमोद कुमार को 385 मत ही मिले। पिता देवेश ने भावुक होकर कहा कि बेटों ने जिंदगी खो दी। मगर क्षेत्र के लोगों का दिल जरुर जीत लिया। वह जीत का प्रमाण पत्र लेते हुए फफक पड़े। जिससे उपस्थित लोगों के भी आंसू छलक उठे।
विशेश्वरगंज के निर्वाचन अधिकारी डॉ. बीएन त्रिपाठी ने मीडिया के लोगों को मतगणना के दौरान जानकारी देने से इंकार कर दिया। इसकी सूचना मिलने पर एसडीएम कीर्ति प्रकाश भारती पहुंच गए। उन्होंने लोगों को अंदर न जाने देने पर नाराजगी जताई। जिसके बाद सूचनाएं मिलनी शुरू हुईं।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें