प्रदेश सरकार के मंत्री रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भइया व उनकी पत्नी समेत चार लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कराने को उनके पूर्व पीआरओ ने अदालत की शरण ली है। पूर्व पीआरओ राजीव कुमार यादव ने मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में गुरुवार को इस बाबत प्रार्थना पत्र दिया है। पूर्व पीआरओ ने यह कार्रवाई पुलिस द्वारा केस दर्ज न किये जाने के बाद की है।
प्रतापगढ़ जिले के मानिकपुर पोस्ट गोतनी निवासी राजीव कुमार यादव ने बताया कि 14 मार्च 2008 को उन्होंने पारिवारिक कारणों से राजा भइया रघुराज प्रताप सिंह के यहां पीआरओ का कार्य छोड़ दिया था। इस बात से चिढ़कर मंत्री राजा भइया उनसे रंजिश रखने लगे थे। राजीव का आरोप है कि राजा भइया की पत्नी भानवी कुंवारी सिंह एक निजी कंपनी की बीमा एजेंट भी हैं। उनका सारा काम बहराइच निवासी रोहित प्रताप व उनकी पत्नी मोनिका देखती थीं। राजीव का कहना है कि काम छोड़ने के दौरान कुछ निजी कागजातों के सहारे रघुराज प्रताप सिंह, उनकी पत्नी भानवी सिंह, सहयोगी रोहित और मोनिका ने साजिश रचकर बहराइच के एक्सिस बैंक में खाता संख्या 757010100000684 उनके नाम से खोल दिया। राजीव का कहना है कि उन्हें जानकारी तब हुई, जब शाखा प्रबंधक से पत्राचार किया। राजीव का आरोप है कि उनके खाते में फोटो किसी दूसरे की लगी है जबकि कागजात उनके हैं। इस मामले में राजीव ने वर्ष 2012 में दरगाह थाने में तहरीर देकर केस दर्ज करवाने की कोशिश की।
तत्कालीन एसपी मोहित गुप्ता से भी संपर्क साधा। राजीव का कहना है कि राजा भइया के ऊंचे रसूख के चलते किसी ने उनके खिलाफ केस दर्ज करने की हिम्मत नहीं जुटाई। दो साल पैरवी और इंतजार करने के बाद केस दर्ज न होने पर गुरुवार को पूर्व पीआरओ राजीव ने अपने वकील के साथ बहराइच के मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी के यहां प्रार्थना पत्र दिया है। राजीव के मुताबिक प्रार्थना पत्र के द्वारा राजा भइया, उनकी पत्नी व दो अन्य सहयोगियों पर धारा 419, 420, 467, 468 और 471 की कार्यवाही की गुजारिश की गई है। मामले में सीजेएम ने सुनवाई के लिए 19 दिसंबर की तारीख तय की है।