बिछिया (बहराइच)। फकीरपुरी गिरिजापुरी निवासी एक युवती को रेलवे में टिकट कलेक्टर की नौकरी दिलाने का झांसा देकर चार युवकों ने उससे चार लाख 52 हजार रुपये ठग लिए। युवती को डाक से फर्जी नियुक्ति पत्र भी भेज दिया। युवती जब नानपारा रेलवे स्टेशन पर ज्वाइन करने पहुंचे तब फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ। युवती ने अपने जेवरात बेचने के साथ ही मोहल्लेवासियों से उधार मांगकर रुपये इकट्ठा किए थे। पीड़िता ने एसपी को व्यथा सुनाई है, जिस पर उन्होंने सीओ नानपारा को जांच सौंपी है।
सुजौली थाना क्षेत्र अंतर्गत गिरिजापुरी फकीरपुरी निवासी शुभरानी उर्फ सोबरानी पुत्री बाबूराम ने बताया कि जनवरी में क्षेत्र निवासी वकार अहमद, राजेश कुमार, इरशाद खान और बालकिशुन ने अपने को रेल का अधिकारी बताकर रेलवे में टिकट कलेक्टर की नौकरी दिलाने का झांसा दिया। इसके लिए सभी ने पांच लाख रुपये मांगे। शुभरानी का कहना है कि परिवार की माली हालत ठीक नहीं। इस पर उसने अपने जेवरात बेचे और मोहल्लेवासियों से मदद मांगी। ठगों के निर्देश के मुताबिक उसने जनवरी में खाता संख्या 32872082596 में सात चक्रों में दो लाख 75 हजार रुपये जमा किए। जनवरी में ही खाता संख्या 33242685857 में सात हजार रुपये जमा किए। इसके बाद फरवरी, मार्च और अप्रैल में खाता संख्या 21510173524 और 11106308639 में भी रुपये जमा किए। शुभरानी का कहना है कि चारों खातों में उसने कुल चार लाख 52 हजार रुपये जमा किए। युवती ने बताया कि अप्रैल में इसे सहायक टिकट कलेक्टर के पद पर नानपारा रेलवे स्टेशन पर तैनाती का पत्र डाक से भेजा गया, जिसमें 28,400 रुपये प्रतिमाह वेतन मिलने का उल्लेख था। पत्र में यह भी लिखा था कि तीन माह तक कोई सरकारी सहायता नहीं मिलेगी। इसके बाद सभी सुविधाएं दी जाएंगी।
शोभरानी का कहना है कि वह नियुक्ति पत्र लेकर नानपारा रेलवे स्टेशन पहुंची तो वहां उसे नियुक्ति पत्र फर्जी होने की बात बताई गई। ये सुनते ही उसके होश उड़ गए। पीड़िता ने बताया कि उसने युवकों की काफी खोजबीन की लेकिन किसी का भी पता नहीं चला। शुभरानी ने इस मामले में वकार अहमद, राजेश कुमार, इरशाद खान और बालकिशुन को नामजद करते हुए दो दिन पहले पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र दिया। एसपी ने सीओ नानपारा असलम खान को मामले की जांच कर कार्रवाई करने का आदेश दिया है।