बहराइच। क्रिसमस की पूर्वसंध्या पर मंगलवार को शहर और कस्बों में स्थित गिरजाघर विद्युत झालरों से जगमगा उठे। प्रार्थना सभाएं भी हुईं। देर रात प्रभु यीशु का जन्म होते ही सभी ने एक दूसरे को गले लगाकर मैरी क्रिसमस कहा।
शहर में सीएनआई, कैथोडिस्ट, बाइबल और एजी चर्च स्थापित हैं। यह चर्च करीब 80 से एक सौ साल पुराने हैं। पानी टंकी चौराहे के निकट स्थित सीएनआई चर्च के पादरी आनंद मसीह ने बताया कि कई दिनों से प्रार्थना सभाओं का दौर जारी है। उन्होंने बताया कि प्रभु यीशु के जन्मदिन की पूर्व संध्या पर विशेष प्रार्थना सभा हुई। इसके अलावा सभी गिरजाघरों में क्रिसमस कैरोल का आयोजन भी परंपरा के तहत किया गया। बड़ीहाट स्थित मेथोडिस्ट चर्च में भी प्रार्थना सभाएं हुईं, जबकि सेंट नार्बट में फादर पाउल कोरिया की अगुवाई में प्रार्थना सभा हुई। बाइबल चर्च के फ्रैंक राशमन ने बताया कि क्रिसमस पर बुधवार को चर्च में प्रार्थना सभा का आयोजन सुबह नौ बजे से होगा। इस मौके पर प्रभु यीशु के जीवन पर प्रकाश डालते हुए उनके बताये गये मार्ग का अनुसरण करने का आह्वान किया जाएगा। मिशन अस्पताल स्थित एजी चर्च में भी कार्यक्रमों का आयोजन किया जायेगा। रुपईडीहा का एजी चर्च भी रोशन रहा।
रात्रि 12 बजे प्रभु यीशु का जन्म होते ही आतिशबाजी से आसमान रोशन हो उठा। सभी ने एक दूसरे को क्रिसमस की बधाई दी।