महसी तहसील क्षेत्र के अलग-अलग गांवों में आग लगने से नौ मकान जलकर राख हो गए। हादसे में पांच लाख से अधिक के नुकसान की आशंका है। यह सभी मकान फूस के बने हुए हैं। अग्निकांड में सात मवेशी जिंदा जल गए। पीड़ित परिवारों के लोग खुले आसमान तले गुजर बसर करने को मजबूर हैं।
महसी तहसील अंतर्गत हरदी थाना क्षेत्र के भगवानपुर चौराहे के निकट कुम्हारनपुरवा गांव में मंगलवार दोपहर में गांव निवासी बिलास के मकान में आग लग गई। परिवार के लोगों ने भागकर जान बचाई। आग की लपटों ने रामहेत, विद्यारानी, हरिद्वारी समेत पांच मकानों को आगोश में ले लिया।
ग्रामीणों ने पंपिंग सेट चलाकर किसी तरह आग पर काबू पाया। अग्निकांड में हरिद्वारी की चार बकरियां भी जलकर मर गईं। लगभग दो लाख की संपत्ति के नुकसान का अनुमान है। खैरीघाट थाना अंतर्गत केवलापुर पिपरियावा निवासी समोखन के घर में महिलाएं सोमवार दोपहर में होली का पकवान बना रहीं थी।
तभी अचानक चूल्हे की चिंगारी से छप्पर में आग लग गई। आग ने पड़ोसी ननकऊ, पुत्ती और लरिकऊ के मकान को आगोश में ले लिया। ग्रामीणों ने किसी तरह आग पर काबू पाया। लेकिन तब तक ननकऊ के घर के बरामदे में बंधा बछड़ा व दो बकरियां जिंदा जल गईं। एक गाय झुलसकर घायल हुई है। ग्रामीणों के मुताबिक लगभग दो लाख की संपत्ति जली है।