रुपईडीहा (बहराइच)। नानपारा-रुपईडीहा मार्ग पर आर्मी मैन बनकर दो युवक गुरुवार को वाहनों की चेकिंग कर रहे थे। वाहनों के कागजात न होने की बात कहकर वसूली भी कर रहे थे। जांच के दौरान एक ग्रामीण को आर्मी मैन बने युवकों पर शक हुआ।
इस पर उसने गांव के लोगों को बुलाकर पूछताछ शुरू की तो वे भागने लगे। इस पर ग्रामीणों ने घेराबंदी कर दोनों को पकड़कर पुलिस के सुपुर्द कर दिया है। पकड़े गए युवकों ने आर्मी मैन बनकर ठगी करने की बात स्वीकारी है। उनके पास से बरामद नकदी और बाइक को सीज कर दोनों को जेल भेज दिया गया है।
रुपईडीहा थाना अंतर्गत दुविधापुर गांव निवासी हनीफ पुत्र बाबू गुरुवार दोपहर में बाइक से अपनी बहन के घर करीम गांव जा रहे थे। जब वह गांव के पहले स्थित मजार के पास पहुंचे तो वहां पर सेना की वर्दी में खड़े युवक ने हाथ देकर रोका। अपने को सेना का जवान बताते हुए बाइक के कागजात मांगे। हनीफ ने कागजात न होने की बात कही। इस पर जवान ने जांच के नाम पर एक हजार रुपये मांगे।
हनीफ ने इतना पैसा दे पाने से इंकार किया। काफी हुज्जत के बाद हनीफ ने 200 रुपये दिए। साथ ही उसे युवक की बातचीत पर शक हुआ। इस पर ग्राम प्रधान को सूचना देकर गांव के लोगों को बुलवा लिया। गांव के लोगों को इकट्ठा होते देख सैनिक बनकर ठगी कर रहे युवक भागने की कोशिश करने लगे। उन्हें ग्रामीणों ने दबोच लिया।
सूचना पाकर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। दोनों युवकों को गिरफ्तार कर लिया गया। प्रभारी निरीक्षक मधुपनाथ मिश्र ने बताया कि सेना का जवान बनकर ठगी करने वालों की पहचान वीरेंद्र यादव निवासी भगवानपुर व कन्हैयालाल वर्मा निवासी रुपईडीहा के रूप में हुई है। दोनों के कब्जे से बाइक सवारों से वसूले गए 3600 रुपये, एक बाइक बरामद हुई है। बरामद नकदी और बाइक को सीज कर आरोपियों को जेल भेज दिया गया है।