बहराइच। तराई में बदल रहे मौसम के चलते संक्रामक रोग पैर पसारने लगे हैं। बुखार के साथ डायरिया का प्रकोप भी बढ़ने लगा है।
बुधवार देर रात से गुरुवार रात तक जिला अस्पताल में भर्ती दो महिलाओं समेत छह रोगियों ने दम तोड़ दिया। 28 और मरीज भर्ती हुए हैं, इनमें चार की हालत नाजुक है।
तराई में बदली, बूंदाबांदी और तेज धूप के चलते मौसम का उतार-चढ़ाव जारी है। इसके कारण संक्रामक रोगों का खतरा बढ़ता जा रहा है।
जिला अस्पताल में रोगियों की संख्या बढ़ने लगी है। बुधवार को दरगाह के काजी कटरा निवासी मोबीन (15) को बुखार और उल्टी-दस्त की शिकायत पर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। यहां पर उपचार के दौरान रात में मोबीन की मौत हो गई।
वहीं, बौंडी निवासी कुसुमा (35) पत्नी भोंदू, हुजूरपुर के धीरपुर निवासी रामनाथ (38), दशहरापुर निवासी दुक्खीराम (42) और प्रेमलता (38) ने भी बुखार तथा उल्टी-दस्त के कारण दम तोड़ दिया।
सिरसिया के रसहा देवतहा निवासी हीरालाल (60) को भी परिवारीजन बुखार और डायरिया से ग्रसित होने पर जिला अस्पताल लाए थे। इलाज के दौरान उनकी भी मौत हो गई। वहीं, गुरुवार को 28 और मरीज भर्ती हुए।
इनमें परागपुर निवासी आरती मिश्रा (20), गिलौला निवासी रूबी (30), रुपईडीहा निवासी राधेश्याम (50) और गजपतिपुर निवासी कोयला (40) की हालत नाजुक बताई जा रही है।
जिला अस्पताल के मुख्य चिकित्साधीक्षक डॉक्टर माहेश्वरी पांडेय का कहना है कि मरीजों को काफी नाजुक हालत में जिला अस्पताल लाया गया था। काफी प्रयास के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका।