बहराइच। विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान के बाद जिले की मतदाता सूची में बड़ा बदलाव सामने आया है। इस बार प्रशासन ने सिर्फ औपचारिकता नहीं, बल्कि जमीनी स्तर पर सत्यापन कर सूची को दुरुस्त किया है। इसका नतीजा यह रहा कि 4.26 लाख अपात्र मतदाताओं के नाम सूची से हटाए गए हैं। अब जिले की मतदाता सूची में 22 लाख 21 हजार 435 शुद्ध मतदाता रह गए हैं।
अभियान से पहले जिले में कुल 26.48 लाख मतदाता दर्ज थे, जो अब घटकर 22,21,435 के आसपास रह गए हैं। इनमें 12,12,609 पुरुष, 10,08,786 महिला और 40 अन्य मतदाता शामिल हैं। अधिकारियों के मुताबिक हटाए गए नामों में सबसे ज्यादा संख्या मृतकों, दूसरे स्थान पर जा चुके लोगों और दोहरी प्रविष्टियों की रही।
सूत्रों के अनुसार, नवंबर 2025 से शुरू हुए इस अभियान में बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) ने घर-घर जाकर सत्यापन किया। कई गांवों में ऐसे नाम भी मिले, जो वर्षों से सूची में बने थे, जबकि संबंधित व्यक्ति का कोई अस्तित्व नहीं था। एक ही व्यक्ति के नाम कई जगह दर्ज होने के मामले भी बड़ी संख्या में सामने आए।
एडीएम अमित कुमार का कहना है कि इस बार संख्या बढ़ाने के बजाय सूची को शुद्ध और पारदर्शी बनाने पर जोर दिया गया है। यही कारण है कि बड़े पैमाने पर नाम हटाए गए, जिससे वास्तविक मतदाताओं की तस्वीर साफ हो सकी।
एडीएम ने कहा कि फिलहाल अंतिम मिलान और जांच का काम लगभग पूरा कर लिया गया है। अब 10 अप्रैल को अंतिम मतदाता सूची जारी की जाएगी। अधिकारियों का दावा है कि इस बार की सूची पहले के मुकाबले ज्यादा सटीक होगी, जिससे चुनाव प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी ढंग से संचालित की जा सकेगी।
हालांकि, बड़ी संख्या में नाम हटने के बाद कुछ क्षेत्रों में लोगों के बीच हलचल भी देखी जा रही है। कई लोग अपने नाम कटने को लेकर आपत्ति दर्ज कराने की तैयारी में हैं, जिससे आने वाले दिनों में संशोधन की प्रक्रिया भी तेज हो सकती है।